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हलफनामे में स्कूटी, अब 13 करोड़ की रोल्स रॉयस में नजर आईं मैथिली ठाकुर, कंगना ने ट्रोल्स को दिया जवाब

हलफनामे में स्कूटी, अब 13 करोड़ की रोल्स रॉयस में नजर आईं मैथिली ठाकुर, कंगना ने ट्रोल्स को दिया जवाब

Maithili Thakur Rolls Royce : बिहार की अलीनगर विधानसभा सीट से बीजेपी विधायक और लोक गायिका मैथिली ठाकुर इन दिनों एक लग्जरी कार को लेकर सोशल मीडिया पर चर्चा में हैं। हाल ही में उन्हें मुंबई के लालबागचा राजा पंडाल के बाहर एक रोल्स रॉयस में देखा गया, जिसके बाद सोशल मीडिया पर उनकी संपत्ति और कार को लेकर सवाल उठने लगे। खास बात यह है कि 2025 के चुनावी हलफनामे में मैथिली ठाकुर ने करीब 3.82 करोड़ रुपये की कुल संपत्ति घोषित की थी। हालांकि, जिस रोल्स रॉयस में वह नजर आईं, उसके उनके नाम पर होने की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है। ऐसे में सोशल मीडिया पर चल रही चर्चाओं और उपलब्ध दस्तावेजी जानकारी के बीच अंतर करना जरूरी है।

रोल्स रॉयस में नजर आने के बाद क्यों हुई चर्चा?

मैथिली ठाकुर हाल ही में मुंबई के लालबागचा राजा के दर्शन के लिए पहुंची थीं। इस दौरान वह एक लग्जरी रोल्स रॉयस कलिनन में नजर आईं। इसके बाद उनकी तस्वीरें और वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आए और कार को लेकर चर्चा तेजी से शुरू हो गई। कुछ सोशल मीडिया यूजर्स ने उनकी मौजूदा राजनीतिक हैसियत और चुनावी हलफनामे में घोषित संपत्ति को इस लग्जरी कार से जोड़कर सवाल उठाए। इसी वजह से मामला सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गया। हालांकि, यहां एक महत्वपूर्ण बात यह है कि किसी व्यक्ति का महंगी कार में नजर आना अपने आप में यह साबित नहीं करता कि वह कार उसी की निजी संपत्ति है। उपलब्ध रिपोर्टों में भी रोल्स रॉयस के मालिकाना हक की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। इसलिए सिर्फ तस्वीर या वीडियो के आधार पर कार की कीमत, स्वामित्व या उसे खरीदने के स्रोत को लेकर कोई निष्कर्ष निकालना उचित नहीं होगा। इस मामले में फिलहाल यही जानकारी सामने है कि मैथिली ठाकुर कार में नजर आई थीं।

चुनावी हलफनामे में कितनी संपत्ति बताई थी?

मैथिली ठाकुर के 2025 के चुनावी हलफनामे को लेकर सामने आई रिपोर्टों के अनुसार, उन्होंने करीब 3.82 करोड़ रुपये की कुल संपत्ति घोषित की थी। इसमें लगभग 2.32 करोड़ रुपये की चल संपत्ति और करीब 1.50 करोड़ रुपये की अचल संपत्ति शामिल थी। रिपोर्टों के मुताबिक, हलफनामे में उनकी आय के स्रोतों में गायन, सोशल मीडिया और ब्रांड एंडोर्समेंट का भी उल्लेख किया गया था। यही जानकारी बाद में सोशल मीडिया पर रोल्स रॉयस से जुड़ी चर्चा का आधार बनी। सोशल मीडिया पर चर्चा इसलिए भी हुई क्योंकि उनके हलफनामे में बताई गई संपत्ति की तुलना रोल्स रॉयस की बताई जा रही करीब 13 करोड़ रुपये की कीमत से की जाने लगी। लेकिन यह तुलना तभी पूरी तरह प्रासंगिक होगी, जब यह पुष्टि हो कि कार वास्तव में मैथिली ठाकुर की निजी संपत्ति है। फिलहाल ऐसी स्वतंत्र पुष्टि उपलब्ध नहीं है। इसलिए हलफनामे में घोषित संपत्ति और कार की कीमत को सीधे जोड़कर कोई निष्कर्ष निकालना सही नहीं होगा।

कंगना रनौत ने मैथिली ठाकुर का किया बचाव

मैथिली ठाकुर को लेकर सोशल मीडिया पर चल रही आलोचना के बीच बीजेपी सांसद और अभिनेत्री कंगना रनौत उनके समर्थन में सामने आईं। कंगना ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए कहा कि जनसेवा करने वाले लोगों का अपना करियर, निजी जीवन और लोकप्रियता भी होती है। उन्होंने सवाल उठाया कि राजनेताओं के अच्छी जिंदगी जीने पर आपत्ति क्यों होनी चाहिए। कंगना की टिप्पणी के बाद यह मामला और ज्यादा चर्चा में आ गया। कंगना ने अपनी पोस्ट में यह भी कहा कि जनहित में काम करने का मतलब यह नहीं है कि किसी व्यक्ति को हमेशा साधारण या आर्थिक रूप से कमजोर जीवन ही जीना चाहिए। उन्होंने कहा कि उन्हें जनता के पैसे में दिलचस्पी नहीं है और जनप्रतिनिधियों से हमेशा गरीब जैसी जिंदगी जीने की उम्मीद करना उचित नहीं है। हालांकि, ये कंगना रनौत के व्यक्तिगत विचार हैं और इन्हें मैथिली ठाकुर की ओर से दिए गए बयान के तौर पर नहीं देखा जाना चाहिए।

मैथिली ठाकुर कौन हैं?

मैथिली ठाकुर बिहार के दरभंगा जिले की अलीनगर विधानसभा सीट से बीजेपी विधायक हैं। राजनीति में आने से पहले वह लोक और पारंपरिक संगीत की गायिका के तौर पर अपनी पहचान बना चुकी थीं। वह मैथिली, भोजपुरी, हिंदी समेत कई भाषाओं में लोकगीत, पारंपरिक संगीत और अन्य गीत प्रस्तुत करती रही हैं। 2025 के बिहार विधानसभा चुनाव में उन्होंने अलीनगर सीट से जीत दर्ज की और इसके बाद बिहार की युवा राजनीतिक हस्तियों में उनका नाम चर्चा में आया। उनकी राजनीतिक पहचान बनने से पहले ही सोशल मीडिया और संगीत के जरिए उनकी बड़ी पहचान बन चुकी थी। संगीत के क्षेत्र में उनकी लोकप्रियता के कारण उनके सार्वजनिक कार्यक्रम और निजी जीवन से जुड़ी तस्वीरें भी अक्सर लोगों का ध्यान खींचती हैं। विधायक बनने के बाद उनकी राजनीतिक गतिविधियों के साथ-साथ सार्वजनिक कार्यक्रमों में उनकी मौजूदगी भी सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बनती रही है।

सुशांत सिंह राजपूत की मौत के बाद लिया था यह फैसला

मैथिली ठाकुर का नाम जून 2020 में अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत के निधन के बाद भी चर्चा में आया था। रिपोर्टों के मुताबिक, उन्होंने सोशल मीडिया और फेसबुक लाइव के जरिए इस घटना पर अपनी भावनाएं साझा की थीं। इसी दौरान उन्होंने अपने और अपने भाई के यूट्यूब चैनल पर बॉलीवुड फिल्मों के गानों के नए कवर वीडियो अपलोड नहीं करने का फैसला बताया था। उन्होंने उस समय अपने संगीत को लेकर अपनी प्राथमिकताओं को सार्वजनिक रूप से स्पष्ट किया था। मैथिली ने तब कहा था कि वह अपनी पसंद, संस्कृति और परंपरा से जुड़े लोकगीत और पारंपरिक संगीत को प्राथमिकता देंगी। उन्होंने अपने संगीत में भारतीय लोक और पारंपरिक संस्कृति से जुड़े गीतों पर ज्यादा ध्यान देने की बात कही थी। इसके बाद भी वह लोक और पारंपरिक संगीत को अपने काम का प्रमुख हिस्सा बनाए रखती रहीं और इसी क्षेत्र में अपनी पहचान को आगे बढ़ाया।

रोल्स रॉयस विवाद में सबसे अहम बात क्या है?

मैथिली ठाकुर की रोल्स रॉयस में मौजूदगी को लेकर सोशल मीडिया पर सवाल उठे हैं, जबकि कंगना रनौत ने उनके समर्थन में जनप्रतिनिधियों की निजी जिंदगी, करियर और अच्छी जिंदगी जीने के अधिकार का मुद्दा उठाया है। दूसरी ओर, उपलब्ध रिपोर्टों के मुताबिक रोल्स रॉयस की वास्तविक मालिकाना स्थिति अभी स्पष्ट नहीं है। इसलिए सिर्फ कार में नजर आने के आधार पर यह निष्कर्ष निकालना उचित नहीं होगा कि वह वाहन मैथिली ठाकुर की निजी संपत्ति है।

इस पूरे मामले में फिलहाल तीन बातें अलग-अलग समझना जरूरी है। मैथिली ठाकुर का चुनावी हलफनामा, रोल्स रॉयस में उनकी मौजूदगी और कंगना रनौत का सोशल मीडिया बयान। हलफनामे में घोषित संपत्ति की जानकारी उपलब्ध है, जबकि कार के स्वामित्व की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। ऐसे में इस मामले को फिलहाल सोशल मीडिया पर उठे सवाल, उपलब्ध दस्तावेज और कंगना के बयान के संदर्भ में ही देखना ज्यादा सटीक होगा।

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