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लखनऊ, 3 सितम्बर 2021

यूपी सरकार अब दिव्यांगजनों को मोटराइज्ड ट्राइसाइकिल नि:शुल्क देगी। बैट्री चलित यह मोटराइज्ड ट्रासाइकिल उन दिव्यांगजनों को दी जाएगी जिनकी दिव्यांगता 80 प्रतिशत से अधिक होगी। हर लोकसभा क्षेत्र में करीब सौ मोटराइज्ड ट्रासाइकिल वितरित की जाएंगी। यह जानकारी प्रदेश के दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग के मंत्री अनिल राजभर ने ‘हिन्दुस्तान’ से बातचीत में दी। उन्होंने बताया कि इस बारे में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने घोषणा की थी और अब उनकी अनुमति भी मिल गई है। इसी सितम्बर से विधान सभा क्षेत्र वार दिव्यांगजनों को सहायक उपकरण वितरित करने के लिए शिविर आयोजित किए जाएंगे। इसके लिए हर विकास खण्ड में पंजीकरण करने के लिए भी विशेष शिविर लगेंगे।

उन्होंने कहा कि जरूरतमंद दिव्यांगजन विकास खण्ड कार्यालय में सहायक उपकरण पाने के लिए इन शिविरों में पंजीकरण करवा सकते हैं। इसके अलावा जिला स्तर पर जिला दिव्यांगजन सशक्तिकरण अधिकारी के कार्यालय में भी पंजीकरण करवाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि ऐसे सभी दिव्यांगजनों को पिछले तीन वर्षों में प्रदेश के दिव्यांगजन से सहायक उपकरण की कोई सुविधा नहीं मिल सकी है, ऐसे दिव्यांगजनों को प्राथमिकता के आधार पर सहायक उपकरण उपलब्ध करवाए जाएंगे।

मंत्री ने बताया कि विकास खण्ड स्तर पर दिव्यांगजनों के चिन्हांकन का काम पहले से चल रहा है और अस्सी प्रतिशत से ज्यादा दिव्यांगता वाले दिव्यागंजनों को मोटराइज्ड ट्राइसाइकिल उपलब्ध करवाने के लिए उन्हें चिन्हित कर भी लिया गया है। पहले प्रदेश में दिव्यांगता की सिर्फ सात श्रेणियां ही थीं। मगर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की पहल पर जब दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग बना तो उसी समय से दिव्यांगता की 21 श्रेणियां बना दी गयीं। सात श्रेणियों की दिव्यांगता में प्रदेश में 43 लाख दिव्यांगजन चिन्हित किए गए थे। मगर अब 21 श्रेणियों की दिव्यांगता में एक करोड़ से अधिक दिव्यांगजन चिन्हित किये जा चुके हैं।