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देहरादून, 21 जुलाई 2021

उत्तराखंड के CM पुष्कर सिंह धामी ने देवस्थानम एक्ट वापस लेने की चर्चाओं के बीच बड़ा बयान दिया है. सीएम पुष्कर सिंह धामी ने देवस्थानम एक्ट में संशोधन करने के लिए हाई पावर कमेटी बनाने का ऐलान किया है. सीएम ने कहा कि कमेटी की सिफारिशों पर आगे का फैसला किया जाएगा. सरकार देवस्थान एक्ट के सही परिवर्तन-संशोधन के पक्ष में है. सीएम पुष्कर धामी ने आज उत्तरकाशी दौरे के दौरान ये बयान दिया है.

ये बयान तब आया है, जब पूर्व सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत कहा था कि देवस्थानम एक्ट को वापस नहीं लिया जा सकता है. ये पब्लिक की डिमांड नहीं, बल्कि चंद लोगों की है डिमांड है. विधानसभा में लम्बी चर्चा के बाद देवस्थानम एक्ट को पारित किया गया है. इसलिए इसे वापस लेने का सवाल ही नहीं उठता है. अगर एक्ट को वापस लिया तो देश के अन्य तीर्थ स्थलों और कोनों से भी मांग उठेगी. शिरड़ी, सोमनाथ, वैष्णव देवी, पद्मनाभन मंदिरों से भी मांग उठेगी.

सीएम धामी ने किया राहत पैकेज का ऐलान 

एक अन्य सवाल के जवाब में सीएम पुष्कर धामी ने कहा कि कोविड से चारधाम यात्रा और पर्यटन को आर्थिक नुकसान पहुंचा है. इसके साथ ही सीएम धामी ने राहत पैकेज देने की घोषणा की. सीएम धामी ने पर्यटन को उबारने के लिए 200 करोड़ के पैकेज का ऐलान किया है. इससे होटल, टूरिज्म, ट्रांसपोर्ट से जुड़े लोगों को राहत दी जाएगी. 1 लाख 63 हज़ार लोगों को इस पैकेज का फायदा मिलेगा. सरकार लाइसेंस फीस में भी छूट देगी. हालांकि इसे चुनावी पैकेज के रूप में भी देखा जा रहा है.

सती ने कहा- सरकार ठोस निर्णय लेगी तो हम साथ

चारधाम तीर्थ पुरोहित महा पंचायत के प्रदेश प्रवक्ता बृजेश सती ने कहा कि देवस्थानम बोर्ड को लेकर एक हाईपावर कमेटी का गठन किया जाएगा. अब हमें उम्मीद है कि सरकार अब इस मुद्दे पर आगे बढ़ेगी और तीर्थ पुरोहितों के बीच जो संवादहीनता थी, वह दूर होगी. लेकिन हमारा साफ तौर पर कहना है कि सरकार जब तक कोई काम धरातल पर काम करके नहीं दिखाएगी, तब तक चारों तीर्थ स्थानों पर धरना प्रदर्शन चल रहा है, वह आगे भी जारी रहेगा. अगर सरकार आगे बढ़कर कोई ठोस निर्णय लेती है तो हम सरकार के इस कदम का स्वागत करेंगे.

क्या है मामला
मामला यह है कि देवस्थानम बोर्ड को लेकर पुरोहितों की एक इकाई पिछले कुछ दिनों से प्रदर्शन करते हुए यह मांग रख रही है कि उत्तराखंड सरकार इस बोर्ड को भंग करे. इसी सिलसिले में हाल में अखिल भारतीय तीर्थ पुरोहित महासभा के अध्यक्ष ने राज्य के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को चिट्ठी लिखकर मांग दोहराई थी. इस मामले में पूर्व सीएम रावत इसलिए केंद्र में हैं क्योंकि देवस्थानम बोर्ड बनाने का फैसला उन्हीं के कार्यकाल में लिया गया था. अब इस पर अपना रुख रावत ने साफ कर दिया है.