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मतदान करती हुई कानपुर मेयर की ये फोटो क्या है मतदान नियमों का उल्लंघन ? जानिये क्या है नियम

मतदान करती हुई कानपुर मेयर की ये फोटो क्या है मतदान नियमों का उल्लंघन ? जानिये क्या है नियम

लखनऊ: यूपी के 16 जिलों की 59 विधानसभा सीटों पर रविवार तीसरे चरण की वोटिंग (UP Third Phase Polling) जारी है। यूपी के साथ ही पंजाब (Punjab Election) के सभी विधानसभा सीटों पर वोट डाले जा रहे हैं। वोटिंग के दौरान यूपी के कानपुर की मेयर (Kanpur Mayor) प्रमिला पांडेय ने नियमों की अनदेखी करते हुए EVM में वोट देते हुए फोटो शेयर की। प्रमिला पांडेय ने अपनी पार्टी को वोट देते हुए फोटो शेयर की। कानपुर शहर की हडसन पोलिंग बूथ पर मेयर प्रमिला पांडेय ने मतदान किया। मतदान करते हुए EVM की फोटो खींचना सख्त मना है। वोटिंग के दिन फोटो लेना और सोशल मीडिया पर शेयर करना क्या प्रतिबंधित है, क्या है नियम?

क्या कहता है नियम
नियम यह कहता है कि वोटिंग के बाद आप किसी को यह न बताएं कि किसे आपने वोट दिया। वोटिंग के बाद मत की गोपनीयता बनाए रखना जरूरी होता है। गोपनीयता भंग होती है तो वह लोक प्रतिनिधित्व 1951 की धारा 128 के अंतर्गत अपराध की श्रेणी में आएगा। सिर्फ मतदान करने वाले ही नहीं वोटिंग कार्य में लगे किसी कर्मचारी या अधिकारी की ओर से यह पूछा गया या यह जानने की कोशिश हुई कि आपने किसको वोट दिया तो यह अपराध की श्रेणी में आएगा। वोटिंग के समय फोटोग्राफी नहीं कर सकते और न ही कैमरा लेकर वोटिंग बूथ के अंदर जा सकते हैं।

नियमों की अनदेखी पर मिलेगी सजा
मुख्य निर्वाचन अधिकारी के निर्देशानुसार, निर्वाचन संचालन नियम 1961 के नियम 49 एम व लोक प्रतिनिधित्व 1951 की धारा 128 के अंतर्गत मतदान करने वाले व्यक्ति को वोटिंग की गोपनीयता जरूरी है। इस नियम के उल्लंघन के लिए 3 माह का कारावास और अर्थदण्ड का प्रावधान है। निर्वाचन आयोग की ओर अधिकृत व्यक्तियों को छोड़कर किसी भी तरह वीडियो रिकॉर्डिंग व फोटोग्राफी कैमरा या मोबाइल फोन से अनुमति नहीं है। कई बार कुछ लोगों और नेताओं की ओर से मत की गोपनीयता भंग करते हुए सोशल मीडिया से प्रचारित किया गया ऐसा करना भी दंडनीय है।

पहले भी कई नेता कर चुके हैं ऐसी गलती
कई बार ऐसा देखने में आया है कि ऐसी गलती नेताओं की ओर से ही की जाती है। यह भी देखने में आया है कि कई बार वह ऐसा जानबूझकर भी करते हैं। कुछ सांसद, मंत्री भी ऐसा कर चुके हैं जिसको लेकर खासा विवाद हुआ। राजनांदगांव में पूर्व सांसद शिवेंद्र बहादुर के बेटे ने पिछले चुनाव में वहां वोट डालते हुए वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर अपलोड कर दिया। कबीरधाम जिले के जयराम साहू ने भी फोटो खींच कर सोशल मीडिया पर डाल दिया। ऐसी गलती कई और नेताओं ने भी की।

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