चाचा-भतीजे में फिर खटपट? अखिलेश चुने गए नेता प्रतिपक्ष, पर बैठक से शिवपाल बेखबर, बोले- दो दिन से था इंतजार मगर नहीं आया न्योता

लखनऊ, उत्तर प्रदेश विधानसभा में सपा प्रमुख अखिलेश यादव नेता प्रतिपक्ष होंगे। लखनऊ में सपा विधायक दल की बैठक के बाद प्रदेश अध्यक्ष नरेश उत्तम पटेल ने इसकी जानकारी दी। बैठक में सर्वसम्मति से फैसला लिया गया कि अखिलेश यादव नेता प्रतिपक्ष होंगे। हालांकि, इस बैठक में जसवंतनगर सीट से सपा के टिकट पर चुनाव जीतकर आए शिवपाल यादव को नहीं बुलाया गया था। शिवपाल यादव ने एक बयान में कहा कि वे दो दिन से इंतजार कर रहे थे लेकिन उनको इस बैठक में शामिल होने के लिए न्योता नहीं दिया गया।

चुनाव परिणाम घोषित होने के बाद कयास लगाए जा रहे थे कि अखिलेश यादव शिवपाल यादव को कोई बड़ी जिम्मेदारी सौंप सकते हैं। यह भी कहा जा रहा था कि शिवपाल यादव को सदन में विधायक दल का नेता बनाया जा सकता है। हालांकि, शिवपाल यादव को लखनऊ में हुई बैठक में नहीं बुलाए जाने के बाद ये अटकलें एक बार फिर जोर पकड़ने लगी हैं क्या अखिलेश-शिवपाल के बीच सबकुछ ठीक है?

शिवपाल को नहीं दिया गया था न्योता

शनिवार को सुबह सपा के विधायकों की बैठक चल रही थी लेकिन इस बैठक में शिवपाल यादव को नहीं बुलाया गया। न्यूज एजेंसी एएनआई के मुताबिक, शिवपाल यादव ने बैठक में नहीं बुलाए जाने पर कहा, “अभी समाजवादी पार्टी की विधायक मंडल की बैठक चल रही है। सभी विधायकों के पास इसकी सूचना है लेकिन मेरे पास कोई सूचना नहीं है, इसलिए मैं भी बैठक में नहीं गया। मैं दो दिनों से इस बैठक के लिए रुका था उसके बाद भी मुझे कोई सूचना नहीं मिली।”

वहीं, नरेश उत्तम पटेल से जब शिवपाल यादव को लेकर सवाल किया गया तो उन्होंने कहा कि शिवपाल यादव की एक पार्टी है, सभी सहयोगी दलों की बैठक 28 तारीख को बुलाई गई है, सभी लोग इस बैठक में शामिल होंगे। बता दें कि विधानसभा चुनावों से पहले, शिवपाल यादव और अखिलेश यादव की मुलाकात हुई थी, जिसके बाद यूपी में विधानसभा चुनाव गठबंधन के तहत लड़ने पर बात बनी थी। अखिलेश यादव के साथ विवाद के बाद शिवपाल यादव ने सपा से अलग होकर अपनी अलग पार्टी प्रगतिशील समाजवादी पार्टी-लोहिया का गठन किया था।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Share post:

Popular

More like this
Related