पाकिस्तान के पूर्व कप्तान और दिग्गज तेज गेंदबाज वसीम अकरम ने मौजूदा टेस्ट कप्तान बाबर आजम की कप्तानी पर तीखी टिप्पणी की है। इंग्लैंड के खिलाफ हालिया टेस्ट सीरीज में पाकिस्तान के खराब प्रदर्शन के बाद अकरम ने बाबर की नेतृत्व क्षमता और टीम में हुए बड़े बदलावों की जानकारी से उनके कथित तौर पर अनजान रहने पर सवाल उठाए। अकरम ने यहां तक कहा कि अगर कप्तान को अपनी टीम में हो रहे बड़े बदलावों की जानकारी ही नहीं थी, तो वह वहां क्या कर रहे थे।
इंग्लैंड के खिलाफ टेस्ट सीरीज में पाकिस्तान का खराब प्रदर्शन
इंग्लैंड और पाकिस्तान के बीच तीन मैचों की टेस्ट सीरीज का अंत पाकिस्तान के लिए निराशाजनक रहा। लॉर्ड्स में दूसरे टेस्ट में इंग्लैंड से हार के बाद पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने तीसरे टेस्ट से पहले टीम में बड़ा बदलाव किया। बोर्ड ने मुख्य कोच सरफराज अहमद, गेंदबाजी कोच उमर गुल समेत सात खिलाड़ियों को अंतिम टेस्ट से बाहर कर दिया। बाहर किए गए खिलाड़ियों में अनुभवी मोहम्मद रिजवान और इमाम-उल-हक भी शामिल थे। इस सीरीज में कप्तान बाबर आजम का बल्ले से प्रदर्शन भी उम्मीद के मुताबिक नहीं रहा। उन्होंने शुरुआती तीन पारियों में एकल अंक का स्कोर बनाया, हालांकि एजबेस्टन में खेले गए तीसरे टेस्ट की अंतिम पारी में उन्होंने तेज 76 रन बनाए। हालांकि, उनका यह प्रदर्शन पाकिस्तान को मैच में जीत नहीं दिला सका और टीम को हार का सामना करना पड़ा।
वसीम अकरम ने बाबर की कप्तानी पर उठाए सवाल
मैनचेस्टर में एक कार्यक्रम के दौरान वसीम अकरम ने कहा कि उनके विचार में बाबर आजम को दोबारा टेस्ट कप्तानी नहीं संभालनी चाहिए थी। उन्होंने कहा कि वह किसी को दोष नहीं देना चाहते और उनकी राय गलत भी हो सकती है, लेकिन उनके अनुसार बाबर को कप्तानी स्वीकार नहीं करनी चाहिए थी। अकरम ने यह भी कहा कि टीम में हुए बड़े बदलावों के बारे में कप्तान को जानकारी होनी चाहिए थी। उनके मुताबिक, अगर कप्तान को ही टीम में हो रहे बदलावों के बारे में पता नहीं है, तो नेतृत्व की भूमिका को लेकर सवाल उठना स्वाभाविक है। उन्होंने बाबर की स्थिति पर सवाल उठाते हुए तीखी टिप्पणी की।
‘चना बेचने आए थे क्या?’ बाबर के बयान पर भड़के अकरम
तीसरे टेस्ट से पहले जब बाबर आजम से टीम में किए गए बदलावों के बारे में सवाल पूछा गया था, तो उन्होंने कथित तौर पर कहा था कि ये बदलाव उनके लिए भी नई जानकारी हैं और उन्हें इसकी जानकारी नहीं थी। इसी बयान को लेकर वसीम अकरम ने बाबर पर सवाल उठाए। अकरम ने कहा, “बाबर आजम ने कहा कि उन्हें पता नहीं था। अगर आपको पता नहीं था तो आप यहां क्या कर रहे थे? क्या आप यहां चना बेचने आए थे?” अकरम ने आगे कहा कि एक खिलाड़ी या व्यक्ति के तौर पर उनका मानना है कि अगर टीम का नेता या कप्तान खिलाड़ियों के साथ खड़ा नहीं होता, तो खिलाड़ी अपना 100 फीसदी प्रदर्शन नहीं दे सकते। अकरम ने सुझाव दिया कि दूसरे टेस्ट के बाद बाबर को कप्तानी छोड़कर अंतिम टेस्ट में सिर्फ एक बल्लेबाज के रूप में खेलना चाहिए था। उनके मुताबिक, इससे बाबर अपने प्रदर्शन पर ध्यान केंद्रित कर सकते थे और टीम में नेतृत्व को लेकर स्थिति भी स्पष्ट हो सकती थी।
2020 से 2023 तक बाबर की टेस्ट कप्तानी का रिकॉर्ड
बाबर आजम को जुलाई में टेस्ट कप्तानी दोबारा सौंपी गई थी। उन्होंने शान मसूद की जगह कप्तानी संभाली थी। इससे पहले बाबर 2020 से 2023 के बीच पाकिस्तान की टेस्ट टीम के कप्तान रहे थे। उस दौरान उन्होंने कुल 20 टेस्ट मैचों में पाकिस्तान की कप्तानी की, जिसमें टीम ने 10 मैच जीते, छह में हार मिली और चार टेस्ट ड्रॉ रहे। कप्तानी में वापसी के बाद पाकिस्तान ने वेस्टइंडीज के खिलाफ टेस्ट सीरीज 1-1 से ड्रॉ की थी। उस सीरीज में बाबर आजम को प्लेयर ऑफ द सीरीज चुना गया था। उन्होंने दो अर्धशतक लगाए और कुल 193 रन बनाए थे। इसके बाद इंग्लैंड दौरे पर टीम के प्रदर्शन और कप्तानी को लेकर चर्चा तेज हो गई।
धीमी ओवर गति के कारण पाकिस्तान पर लगा जुर्माना
इंग्लैंड के खिलाफ एजबेस्टन में खेले गए तीसरे और अंतिम टेस्ट में पाकिस्तान को धीमी ओवर गति के कारण कार्रवाई का सामना करना पड़ा। ICC के मुताबिक, समय की रियायतों को शामिल करने के बाद पाकिस्तान की टीम निर्धारित लक्ष्य से 11 ओवर पीछे रही। इस वजह से टीम पर मैच फीस का 50 प्रतिशत जुर्माना लगाया गया। इसके साथ ही पाकिस्तान के विश्व टेस्ट चैंपियनशिप (WTC) अभियान में 11 अंकों की कटौती हुई। इंग्लैंड ने एजबेस्टन टेस्ट को आठ विकेट से जीता था। इस कार्रवाई के बाद पाकिस्तान WTC अंक तालिका में नीचे चला गया और रिपोर्ट के अनुसार वह नौवें स्थान पर 4.63 प्रतिशत अंक प्रतिशत के साथ पहुंच गया।



