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बिहार में सरकार जमाते ही ऐक्शन में नीतीश, योगी के गढ़ पर नजर; 2024 के रण की भी तैयारी

बिहार में सरकार जमाते ही ऐक्शन में नीतीश, योगी के गढ़ पर नजर; 2024 के रण की भी तैयारी

पटना, बिहार में बीजेपी गठबंधन से अलग होने के बाद जेडीयू उत्तर प्रदेश में और खास तौर पर बिहार की सीमा से लगे पूर्वी जिलों में अपना आधार मजबूत करने की दिशा में काम कर रही है। इसी कड़ी में जेडीयू ने बाहुबली नेता और जौनपुर के पूर्व लोकसभा सांसद धनंजय सिंह को उत्तर प्रदेश में पार्टी का राष्ट्रीय महासचिव नियुक्त किया है। धनंजय सिंह ने  गृह जिले की मल्हानी सीट से 2022 का विधानसभा चुनाव लड़ा था लेकिन वो जीत नहीं सके थे। उनकी पत्नी श्रीकला रेड्डी जौनपुर में  जिला पंचायत अध्यक्ष हैं।

मंगलवार को लखनऊ में प्रदेश इकाई के अध्यक्ष अनूप सिंह पटेल की अध्यक्षता में जदयू प्रदेश कार्यकारिणी की बैठक हुई जिसमें धनंजय सिंह मुख्य अतिथि के तौर पर मौजूद रहे। इस दौरान पार्टी नेताओं ने बिहार में जद (यू) और राष्ट्रीय जनता दल की ‘महागठबंधन’ सरकार का स्वागत किया। सभा को संबोधित करते हुए पटेल ने कहा कि जेडीयू की उत्तर प्रदेश में भी अपने कैडर का विस्तार करने की योजना है।

उन्होंने कहा- पार्टी नेताओं को 2024 के लोकसभा चुनाव से पहले जिले से लेकर बूथ स्तर तक समितियां बनाने का निर्देश दिया गया है। उन्होंने कहा कि जेडीयू कार्यकर्ताओं को बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के आदर्शों के बारे में लोगों को जागरूक करना चाहिए।

अनूप सिंह पटेल ने कहा कि लोकसभा चुनाव 2024 में पार्टी यूपी में उम्मीदवार उतार सकती है। पटेल ने कहा कि पार्टी यूपी  में योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार की कीमतों में वृद्धि, बढ़ती बेरोजगारी, किसानों की पीड़ा और व्यापारियों के उत्पीड़न जैसे मुद्दों की विफलता को उजागर करेगी।

गौरतलब है कि जेडीयू ने 2022 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनावों में भाजपा के साथ गठबंधन की वार्ता फेल होने के बाद 27 विधानसभा सीटों से उम्मीदवार उतारे थे। हालांकि पार्टी यूपी में अपना खाता भी नहीं खोल पाई थी और उसका कुल वोट शेयर सिर्फ 0.11% था।

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