हरिद्वार, 2 सितम्बर 2021

इस साल हुए कुंभ मेले के आयोजन के दौरान फर्ज़ी कोविड टेस्ट घोटाला सामने आने के बाद से ही पुलिस तीन मुख्य आरोपियों की तलाश कर रही है, लेकिन महीनों बाद भी उसे कोई सुराग नहीं मिल सका है. मैक्स कॉर्पोरेट सर्विसेज़ के मालिक मल्लिका पंत और शरत पंत के साथ ही हरियाणा बेस्ड लैबोरेटरी नलवा लैब के डॉ. नवतेज नलवा की तलाश में उत्तराखंड पुलिस चार राज्यों में भटक रही है, लेकिन इन आरोपियों के बारे में कोई ऐसा क्लू नहीं मिला है, जिससे इन तक पहुंचने का रास्ता बन सके. फिर भी पुलिस को उम्मीद है कि जल्द ही तीनों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा.

पुलिस के मुताबिक उत्तराखंड में एसआईटी इस मामले की जांच कर रही है और उसकी अलग अलग टीमें उत्तराखंड के अलावा दिल्ली, उत्तर प्रदेश और हरियाणा में पंत और नलवा की तलाश कर रही हैं. हरिद्वार के सीओ और एसआईटी के प्रमुख अभय सिंह के हवाले से एक रिपोर्ट में कहा गया कि ‘हमारी टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं और जल्द ही तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा.’

क्यों नहीं मिला पुलिस को सुराग?
पुलिस इन आरोपियों के रिश्तेदारों, स्टाफ और सहयोगियों से पूछताछ कर रही है, फिर भी उसे कोई जानकारी नहीं मिल पा रही है. सूत्रों के हवाले से कहा गया कि पुलिस को इसलिए कोई सुराग नहीं मिल पा रहा है क्योंकि ये आरोपी अपने मोबाइल फोन स्विच ऑफ कर चुके हैं और किसी तरह का ऑनलाइन ट्रांज़ैक्शन नहीं कर रहे हैं. डिजिटल एक्टिविटी और कम्युनिकेशन पर नज़र रखने वाली पुलिस को कोई सुराग हाथ नहीं लग रहा है.

गौरतलब है कि इन तीनों आरोपियों के खिलाफ बीते 28 अगस्त को हरिद्वार के सीजेएम कोर्ट ने गैर ज़मानती वॉरंट जारी किए थे. उससे पिछले हफ्ते इस केस में बड़ा मोड़ तब आया था, जब कोविड जांच फर्जीवाड़े में संलिप्तता पाए जाने पर उत्तराखंड के दो अधिकारियों को सस्पेंड कर दिया गया था.