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चमोली, 30 सितम्बर 2021

उत्तराखंड स्थित हेमकुंड साहिब गुरुद्वारा एक बार फिर बदलते मौसम को देखते हुए दर्शनों के लिए किया जा रहा है. इस साल 10 अक्टूबर से गुरुद्वारा साहब में दर्शन बंद हो जाएंगे. सर्दियों की शुरुआत को ध्यान में रखते हुए ये निर्णय लिया गया है. चमोली जिले में 15 हजार फीट की ऊंचाई पर स्थित हेमकुंड साहिब गुरुद्वारे को श्रद्धालुओं के लिए अब छह महीने बाद खोला जाएगा.

हेमकुंड साहिब गुरुद्वारा ट्रेस्ट के उपाध्यक्ष नरेंद्र जीत सिंह बिंद्रा ने बताया कि इस साल 18 सितंबर को गुरुद्वारा दर्शनार्थियों के लिए खोला गया था. अब तक करीब 5 हजार लोग गुरुद्वारा साहिब में मत्‍था टेक चुके हैं. गौरतलब है कि कोरोना के चलते लंबे समय तक श्रद्धालु गुरुद्वारा साहिब के दर्शन नहीं कर सके थे.

बिंद्रा ने इस दौरान लोगों से आग्रह किया कि वे गुरुद्वारा साहिब आने का प्रोग्राम 10 अक्टूबर से पहले का ही बनाएं. क्योंकि उसके बाद गुरुद्वारे में दर्शन नहीं हो सकेंगे. ऐसे में अपने कार्यक्रम को तय तारीख के अनुसार ही योजना में लाएं इससे सभी को परेशानी नहीं होगी.

साथ ही उन्होंने बताया कि सर्दी का मौसम आने के साथ ही बर्फबारी शुरू हो जाती है ऐसे में हेमकुंड साहिब का रास्ता बंद हो जाता है और गुरुद्वारे तक पहुंचना लोगों के लिए मुश्किल होता है. इसी बात को ध्यान में रखते हुए हर साल सर्दियों के मौसम में गुरुद्वारे के कपाट बंद कर दिए जाते हैं और फिर बर्फबारी बंद होने के बाद गुरुद्वारे में दर्शन शुरू हो जाते हैं.

तीन माह बाद खुले थे कपाट
इस बार भी हेमकुंड साहिब के कपाट करीब तीन महीने देर से खोले गए थे. सामान्य दिनों में हेमकुंड साहिब गुरुद्वारे के कपाट 25 मई को खोल दिए जाते हैं लेकिन इस बार कोरोना संक्रमण के चलते लगे लॉकडाउन के बाद 18 सितंबर को गुरुद्वारे के कपाट खोले गए थे. हालांकि फिलहाल गुरुद्वारे के कपाट कब खोले जाएंगे इस बारे में स्पष्ट तौर पर कोई सही तारीख नहीं बताई गई है लेकिन ये तय किया गया है कि स्थितियां सामान्य रहीं तो छह माह बाद गुरुद्वारे के कपाट खोल दिए जाएंगे.