द फ्रंट डेस्क: संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) ने शुक्रवार को सिविल सेवा परीक्षा 2025 का अंतिम परिणाम घोषित कर दिया है। देश की सबसे प्रतिष्ठित और कठिन परीक्षाओं में से एक मानी जाने वाली इस परीक्षा में अनुज अग्निहोत्री ने ऑल इंडिया रैंक-1 हासिल की है। उनके बाद दूसरे स्थान पर राजेश्वरी सुवे एम और तीसरे स्थान पर आकांश धुल ने जगह बनाई है। इस परीक्षा के जरिए देश की सबसे महत्वपूर्ण प्रशासनिक सेवाओं के लिए अधिकारियों का चयन किया जाता है। UPSC की ओर से जारी जानकारी के अनुसार इस वर्ष कुल 958 उम्मीदवारों ने परीक्षा पास की है, जिनकी सिफारिश अलग-अलग केंद्रीय सेवाओं में नियुक्ति के लिए की गई है। इनमें से 180 उम्मीदवारों का चयन भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) के लिए किया गया है। इसके अलावा कई उम्मीदवारों को भारतीय पुलिस सेवा (IPS), भारतीय विदेश सेवा (IFS) और अन्य केंद्रीय सेवाओं में नियुक्ति दी जाएगी। यह परीक्षा देश के लाखों युवाओं का सपना होती है और हर साल लाखों अभ्यर्थी इसमें शामिल होते हैं।
टॉप-10 में इन उम्मीदवारों ने बनाई जगह
सिविल सेवा परीक्षा 2025 के परिणाम में कई प्रतिभाशाली छात्रों ने टॉप रैंक हासिल की है। पहले स्थान पर अनुज अग्निहोत्री, दूसरे स्थान पर राजेश्वरी सुवे एम और तीसरे स्थान पर आकांश धुल रहे। इसके अलावा टॉप-10 में शामिल होने वाले अन्य उम्मीदवारों में राघव झुनझुनवाला, ईशान भटनागर, जीनिया अरोड़ा, ए आर राजा मोहद्दीन, पक्षल सेक्रेटरी, आस्था जैन और उज्जवल प्रियांक शामिल हैं। इन उम्मीदवारों ने कठिन प्रतिस्पर्धा के बीच शानदार प्रदर्शन करते हुए शीर्ष स्थान हासिल किया है। सिविल सेवा परीक्षा में टॉप-10 में स्थान हासिल करना किसी भी अभ्यर्थी के लिए बड़ी उपलब्धि माना जाता है, क्योंकि इस परीक्षा में लाखों उम्मीदवार शामिल होते हैं और केवल कुछ ही छात्र अंतिम सूची तक पहुंच पाते हैं।

तीन चरणों में होती है UPSC परीक्षा
UPSC सिविल सेवा परीक्षा देश की सबसे चुनौतीपूर्ण प्रतियोगी परीक्षाओं में से एक मानी जाती है। यह परीक्षा तीन चरणों में आयोजित की जाती है, जिसमें प्रीलिम्स, मेन्स और इंटरव्यू (पर्सनैलिटी टेस्ट) शामिल होते हैं। सबसे पहले प्रारंभिक परीक्षा यानी प्रीलिम्स आयोजित होती है, जिसमें सफल होने वाले उम्मीदवारों को मुख्य परीक्षा में बैठने का मौका मिलता है। मुख्य परीक्षा लिखित होती है और इसमें विभिन्न विषयों से जुड़े विस्तृत प्रश्न पूछे जाते हैं। मुख्य परीक्षा पास करने वाले उम्मीदवारों को अंतिम चरण यानी पर्सनैलिटी टेस्ट या इंटरव्यू के लिए बुलाया जाता है। इस चरण में उम्मीदवार के व्यक्तित्व, निर्णय क्षमता, समझ और प्रशासनिक दृष्टिकोण का मूल्यांकन किया जाता है। UPSC की ओर से यह भी बताया गया है कि इस वर्ष 348 उम्मीदवारों की उम्मीदवारी फिलहाल प्रोविजनल रखी गई है, यानी उनकी नियुक्ति कुछ आवश्यक औपचारिक प्रक्रियाओं के पूरा होने के बाद ही अंतिम रूप से तय होगी।

मई में हुई थी प्रारंभिक परीक्षा
सिविल सेवा परीक्षा 2025 की प्रक्रिया पिछले साल शुरू हुई थी। इस परीक्षा की प्रारंभिक परीक्षा 25 मई 2025 को आयोजित की गई थी। इसके बाद सफल उम्मीदवारों के लिए मुख्य परीक्षा का आयोजन किया गया। मुख्य परीक्षा 22 अगस्त से 31 अगस्त 2025 के बीच आयोजित की गई थी। इस चरण के बाद उम्मीदवारों की कॉपियों का मूल्यांकन किया गया और सफल अभ्यर्थियों को इंटरव्यू के लिए बुलाया गया। मुख्य परीक्षा के बाद कुल 2736 उम्मीदवारों को पर्सनैलिटी टेस्ट यानी इंटरव्यू के लिए बुलाया गया था। इंटरव्यू की प्रक्रिया 5 जनवरी 2026 से शुरू हुई और 27 फरवरी 2026 तक चली। इसके बाद आयोग ने अंतिम परिणाम घोषित किया।

IAS, IPS और IFS के लिए चयन
संघ लोक सेवा आयोग की ओर से जारी सूचना के अनुसार इस साल कुल 958 पदों पर भर्ती की सिफारिश की गई है। इनमें से 180 उम्मीदवार भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) में जाएंगे, जो सिविल सेवा की सबसे प्रतिष्ठित सेवा मानी जाती है। इसके अलावा 150 उम्मीदवार भारतीय पुलिस सेवा (IPS) में नियुक्त किए जाएंगे, जबकि 55 उम्मीदवार भारतीय विदेश सेवा (IFS) में जाएंगे। बाकी उम्मीदवारों का चयन विभिन्न केंद्रीय सेवाओं के लिए किया गया है। IAS के लिए निर्धारित 180 पदों में 74 पद अनारक्षित वर्ग के लिए, 28 अनुसूचित जाति (SC), 13 अनुसूचित जनजाति (ST), 47 अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) और 18 आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (EWS) के लिए आरक्षित हैं। UPSC ने यह भी जानकारी दी है कि रिजल्ट जारी होने के बाद 15 दिनों के भीतर सभी उम्मीदवारों के मार्क्स आयोग की आधिकारिक वेबसाइट पर अपलोड कर दिए जाएंगे, ताकि अभ्यर्थी अपने अंक देख सकें।




