Online bahis kullanıcılarının %54’ü haftada en az bir kez canlı bahis oynamaktadır; bu oran bahsegel giriş platformunda %63’tür.

Engellemelerden etkilenmemek için bettilt sık sık kontrol ediliyor.

Bahsegel güncel giriş bahsegel bettilt

OECD raporları, kullanıcıların %52’sinin “kayıp limiti” belirleyen platformları tercih ettiğini göstermektedir; paribahis bu özelliği destekler.

bahsegel giriş bettilt bahsegel bahsegel giriş bahsegel bahsegel giriş bahsegel bettiltguncel.com bettilturk-turk.click bettilt bettilt bahsegel bahsegel bettilt bahsegel giriş

UP में दो जगहों के नाम बदलने के लिए गृह मंत्रालय ने दी NOC, जानें कौन-कौन नाम है शामिल

UP में दो जगहों के नाम बदलने के लिए गृह मंत्रालय ने दी NOC, जानें कौन-कौन नाम है शामिल

लखनऊ: उत्तर प्रदेश सरकार की सिफारिशों के बाद केंद्रीय गृह मंत्रालय ने राज्य में दो स्थानों के नाम बदलने पर अपनी सहमति दे दी है। इसकी जानकारी वरिष्ठ अधिकारियों ने दी है। दरअसल यूपी सरकार ने गोरखपुर जिले में नगर पालिका परिषद मुंडेरा बाजार का नाम और देवरिया जिले के तेलिया अफगान गांव के नाम बदलने को लेकर अनापत्ति प्रमाण पत्र जारी किया था। जिसको लेकर केंद्रीय गृह मंत्रालय ने भी मंजूरी दे दी है। दोनों जगहों को अब नए नामों से जाना जाएगा।

गोरखपुर और देवरिया के गांव व चौराहों में हुआ बदलाव
यूपी सरकार ने गोरखपुर जिले में नगर पालिका परिषद ‘मुंडेरा बाजार’ का नाम बदलकर ‘चौरी-चौरा’ और देवरिया जिले के ‘तेलिया अफगान’ गांव का नाम बदलकर ‘तेलिया शुक्ला’ करने के लिए केंद्रीय गृह मंत्रालय ने मंजूरी दे दी है। अब मुंडेरा बाजारा और तेलिया अफगान अपने नए नामों से जाने जाएंगे। अधिकारी का कहना है कि गृह मंत्रालय संबंधित एजेंसियों के परामर्श से मौजूदा दिशानिर्देशों के अनुसार नाम परिवर्तन के प्रस्तावों पर विचार करता है। जिसके बाद इससे संबंधित फैसला लिया गया है।

जानिए कब दिया जाता है अनापत्ति प्रमाणपत्र
अधिकारी का कहना है कि रेल मंत्रालय, डाक विभाग और भारतीय सर्वेक्षण विभाग से सहमति लेने के बाद किसी भी स्थान का नाम बदलने के लिए ‘अनापत्ति’ प्रमाणपत्र देता है। किसी गाँव, कस्बे या शहर का नाम बदलने के लिए एक कार्यकारी आदेश की आवश्यकता होती है। दूसरी ओर अधिकारी का कहना है कि किसी राज्य का नाम बदलने के लिए संसद में साधारण बहुमत के साथ संविधान में संशोधन की आवश्यकता होती है। बता दें कि योगी सरकार ने पिछले कार्यकाल में भी कुछ जगहों के नाम बदले थे। जैसे- कुम्भ मेले से पहले इलाहाबाद को प्रयागराज, मुगलसराय रेलवे स्टेशन को पंडित दीन दयाल उपाध्याय स्टेशन, गोरखपुर के उर्दू बाजार को हिंदी बाजार, हुमायूंपुर को हनुमान नगर, मीना बाजार को माया बाजार और अलीनगर को आर्य नगर, फैजाबाद को अयोध्या किया गया था।

Share post:

Popular

More like this
Related

योगी कैबिनेट का बड़ा फैसला: उत्तर प्रदेश बनेगा ‘ग्लोबल मैनपावर हब’

सरदार वल्लभभाई पटेल कौशल प्रशिक्षण एवं रोजगार क्षेत्र विकास...

प्रेमानंद महाराज के आश्रम पर सवाल: एक बेटे की मौत, दूसरा कहां है?

Premanand Maharaj Ashram Controversy: वृंदावन स्थित प्रेमानंद महाराज के...

ममता बनर्जी ने भी किया CJP का समर्थन, अभिजीत दिपके के साथ कौन-कौन से दल?

CJP Protest: मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे...