राजकोट, 18 फरवरी 2021

केन्द्रीय महिला व बाल विकास मंत्री स्मृति ईरानी गुजरात आईं। यहां स्मृति ने राजकोट महानगर पालिका के चुनावों के लिए भाजपा प्रत्याशियों के समर्थन में भाषण दिए। स्मृति ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तारीफों के पुल बांधे। साथ ही विपक्षी दल कांग्रेस पर हमला बोला। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि, प्रधानमंत्री मोदी के प्रति नफरत इतनी बढ़ गई है कि पहले कांग्रेस पार्टी केवल उन्हीं चाय वाले से नाराज थी, पर अब बाकी गुजरातियों की चाय से भी नाराज है।’

सोनिया परिवार पर स्मृति के कटाक्ष’

स्मृति ईरानी सोनिया परिवार पर टिप्पणी करते हुए बोलीं- ‘मनमोहन सरकार के समय इस गांधी परिवार के ‘युवराज’ द्वारा उन्हें नजरअंदाज किया जाता था। किसी भी कार्यक्रम में ‘युवराज’ सबसे पहले ‘माता जी’ का अभिवादन करने के लिए मजबूर करता था। मगर, जब पीएम मोदी संसद गए तो सीढ़ियों पर झुककर उन्होंने खुद को ‘प्रधान सेवक’ ठहराया। यह अंतर है नरेंद्र भाई और ‘युवराज’ में।’

पटेल प्रतिमा पर आपत्ति, एयरपोर्ट के नामों पर नहीं’

सरदार वल्लभभाई पटेल का जिक्र करते हुए स्मृति ईरानी बोलीं- ‘गांधी परिवार ने सरदार पटेल को किनारे किया था। लेकिन, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने उन्हें यथोचित सम्मान दिया। दुनिया की सबसे उूंची प्रतिमा स्टैच्यू आॅफ यूनिटी बनवाई।’ स्मृति ने कहा कि सरदार पटेल की प्रतिमा की बात पर कांग्रेस ने आपत्ति जताई, जबकि गांधी परिवार के नाम पर हवाई अड्डा बना तो कोई सवाल नहीं उठे।

मोदी सरकार में 10 करोड़ शौचायल बने’

ईरानी ने कहा कि, वर्तमान में देश के 10 करोड़ परिवारों को शौचालय उपलब्ध हुए हैं, जबकि 30 करोड़ हिन्दुस्तानियों को केन्द्र की कांग्रेस सरकार ने शौचायल के बगैर रखा था। नरेंद्र भाई की सरकार ने कोरोना महामारी के दौरान भी बहुत भरसक प्रयास किए। देश के 80 करोड़ नागरिकों को राशन वितरित करवाया। सोचो यदि केन्द्र में कांग्रेस की सरकार होती तो क्या इतनी जल्दी वैक्सीनेशन होता?’

‘गुजरातियों तक पानी भी नहीं पहुंचने दिया’

ईरानी बोलीं कि, ”गांधी परिवार ने गुजरात के प्रति इतनी घृणा दिखाई कि जब मां नर्मदा के जल को नरेंद्र भाई ने मुख्यमंत्री के रूप में हर गांव तक पहुंचाने का संकल्प लिया। तब केंद्र में कांग्रेस की सरकार ने कहा कि पानी तो गुजरातियों तक नहीं पहुंचने देंगे।’

10 करोड़ किसानों को 1 लाख करोड़ भेजे

ईरानी ने कहा कि, ‘कोविड महामारी में अगर केंद्र में कांग्रेस की सरकार होती तो क्या इतनी जल्दी वैक्सीन की शुरूआत होती? अगर कांग्रेस की सरकार होती तो क्या किसान सम्मान निधि के अंतर्गत 10 करोड़ किसानों को उनके बैंक खाते में 1 लाख करोड़ रुपये मिलते?”