प्रयागराज, महाकुंभ में मौनी अमावस्या के मौके पर हुई भगदड़ में कई श्रद्धालुओं की मौत और दर्जनों के घायल होने पर विपक्षी दलों ने गहरी संवेदना जताई है। जहां एक ओर नेताओं ने पीड़ित परिवारों के प्रति सहानुभूति व्यक्त की, वहीं दूसरी ओर सरकार पर कुप्रबंधन और VIP संस्कृति को लेकर तीखे सवाल उठाए।
अखिलेश यादव की सरकार से अपील
उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने हादसे को बेहद दुखद बताते हुए कहा कि श्रद्धालुओं के साथ हुई यह त्रासदी अव्यवस्था का परिणाम है। उन्होंने सरकार से मांग की कि:
- गंभीर रूप से घायलों को एयर एंबुलेंस से बेहतरीन अस्पतालों तक पहुंचाया जाए।
- मृतकों के शव उनके परिवारों तक सुरक्षित पहुंचाने की व्यवस्था की जाए।
- बिछड़े हुए श्रद्धालुओं को उनके परिजनों से मिलाने के लिए त्वरित प्रयास किए जाएं।
- हेलीकॉप्टर से निगरानी बढ़ाई जाए ताकि भविष्य में ऐसी घटनाएं रोकी जा सकें।
- ‘शाही स्नान’ की परंपरा को सुरक्षित रखते हुए स्नान की व्यवस्था को बेहतर किया जाए।
- अखिलेश यादव ने श्रद्धालुओं से अपील की कि वे धैर्य बनाए रखें और सरकार से उम्मीद जताई कि भविष्य में ऐसी घटनाओं से बचने के लिए ठोस कदम उठाए जाएंगे।
मायावती ने जताई चिंता
बहुजन समाज पार्टी (बसपा) प्रमुख मायावती ने भी हादसे पर दुख जताया और कहा कि सरकार को अव्यवस्थाओं पर ध्यान देना चाहिए। उन्होंने ट्वीट कर लिखा,“प्रयागराज के संगम पर महाकुंभ में मची भगदड़ में मारे गए व घायल हुए श्रद्धालुओं की मौत अति-दुःखद व चिंताजनक समाचार है। ऐसे समय में पार्टी पीड़ित परिवारों को इस दुःख को सहन करने की शक्ति प्रदान करने की कामना करती है।”
मल्लिकार्जुन खड़गे ने सरकार को घेरा
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने भगदड़ की घटना को “हृदयविदारक” बताते हुए कहा कि सरकार ने बदइंतजामी और VIP मूवमेंट को प्राथमिकता दी, जिससे यह हादसा हुआ। उन्होंने कहा कि,
- हज़ारों करोड़ खर्च करने के बावजूद ऐसी लचर व्यवस्था निंदनीय है।
- सरकार को अब चेत जाना चाहिए, क्योंकि अभी कई महत्वपूर्ण शाही स्नान बाकी हैं।
- श्रद्धालुओं के ठहरने, भोजन, प्राथमिक चिकित्सा और मूवमेंट को व्यवस्थित करने की जरूरत है।
- VIP मूवमेंट पर लगाम लगाई जाए और आम श्रद्धालुओं के लिए सुविधाएं बढ़ाई जाएं।
- कांग्रेस कार्यकर्ताओं से अनुरोध किया कि वे पीड़ितों की हरसंभव मदद करें।
अरविंद केजरीवाल की श्रद्धालुओं से अपील
दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने भी हादसे को दुखद बताते हुए श्रद्धालुओं से धैर्य बनाए रखने की अपील की। उन्होंने कहा,
“इस हादसे में जान गंवाने वाले श्रद्धालुओं की आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना करता हूं। ईश्वर उनके परिवारों को यह अपार दुःख सहने की शक्ति दें।”
उन्होंने श्रद्धालुओं से प्रशासन के निर्देशों का पालन करने और एक-दूसरे की सुरक्षा का ध्यान रखने की भी अपील की।
- राहुल गांधी ने भी जताया दुख, VIP मूवमेंट पर उठाए सवाल
कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने हादसे पर शोक व्यक्त करते हुए कहा कि सरकार की कुप्रबंधन और VIP संस्कृति ने आम श्रद्धालुओं की जान खतरे में डाल दी। उन्होंने कहा कि, - महाकुंभ के शेष आयोजनों में व्यवस्थाओं को सुधारने की जरूरत है।
- VIP कल्चर पर लगाम लगाई जाए और आम श्रद्धालुओं को प्राथमिकता दी जाए।
पीड़ितों के परिवारों की मदद के लिए कांग्रेस कार्यकर्ता हरसंभव प्रयास करें।
सरकार के लिए बढ़ी चुनौती
महाकुंभ की भगदड़ को लेकर विपक्षी दलों ने सरकार को कटघरे में खड़ा कर दिया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने घटना पर गंभीरता दिखाते हुए उच्चस्तरीय जांच के आदेश दिए हैं और कहा है कि लापरवाह अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी।
अब सरकार पर यह दबाव बढ़ गया है कि आने वाले शाही स्नानों के दौरान सुरक्षा और व्यवस्थाओं को दुरुस्त किया जाए ताकि भविष्य में इस तरह की त्रासदियों से बचा जा सके।




