कर्नाटक में मुस्लिम आरक्षण पर संसद में संग्राम, जेपी नड्डा बोले- कांग्रेस ने संविधान की धज्जियां उड़ाई

कर्नाटक में मुस्लिम आरक्षण पर संसद में संग्राम, जेपी नड्डा बोले- कांग्रेस ने संविधान की धज्जियां उड़ाई

नई दिल्ली: संसद के दोनों सदनों में सोमवार को कर्नाटक में मुस्लिम आरक्षण को लेकर जोरदार हंगामा हुआ। भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने कांग्रेस सरकार पर संविधान के विरुद्ध काम करने का आरोप लगाते हुए जमकर निशाना साधा। बीजेपी अध्यक्ष जेपी नड्डा ने राज्यसभा में कहा कि कांग्रेस पार्टी संविधान की धज्जियां उड़ा रही है और धर्म के आधार पर आरक्षण देकर देश की मूल भावना के खिलाफ काम कर रही है। वहीं, संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने इसे “संविधान पर हमला” करार दिया और कांग्रेस से इस पर अपना रुख साफ करने की मांग की।

बीजेपी ने कांग्रेस पर बोला हमला
राज्यसभा की कार्यवाही शुरू होते ही सत्ता पक्ष के सांसदों ने कर्नाटक में मुस्लिम आरक्षण के मुद्दे पर हंगामा शुरू कर दिया। बीजेपी अध्यक्ष जेपी नड्डा ने कहा, “यह बेहद दुखद है कि कांग्रेस पार्टी खुद को संविधान की रक्षक बताती है, लेकिन वह संविधान की धज्जियां उड़ाने का प्रयास कर रही है। बाबा साहेब अंबेडकर ने साफ लिखा है कि धर्म के आधार पर आरक्षण नहीं होगा, लेकिन कांग्रेस पार्टी बार-बार इस सिद्धांत को तोड़ने की कोशिश कर रही है।”

उन्होंने आगे कहा कि कर्नाटक की कांग्रेस सरकार ने मुस्लिम आरक्षण को लेकर जो बिल पास किया है, वह संविधान विरोधी है। “दक्षिण में कांग्रेस सरकार ने 4 प्रतिशत मुस्लिम आरक्षण को मंजूरी दी है और वहां के उपमुख्यमंत्री ने बयान दिया है कि अगर जरूरत पड़ी तो वे संविधान भी बदल देंगे,” नड्डा ने कहा।

कांग्रेस पर किरेन रिजिजू का तीखा वार
संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने भी इस मुद्दे पर कांग्रेस पर जोरदार हमला बोला। उन्होंने कहा कि कांग्रेस के एक वरिष्ठ नेता, जो एक संवैधानिक पद पर भी हैं, ने कहा है कि वह मुस्लिम समुदाय को आरक्षण देने के लिए संविधान में संशोधन करेंगे।

रिजिजू ने कहा, “इस बयान को हल्के में नहीं लिया जा सकता। कोई आम आदमी अगर ऐसा कहता तो इसका जवाब बाहर दिया जाता, लेकिन यह बयान एक जिम्मेदार कांग्रेस नेता की तरफ से आया है। यह बयान देश के संविधान पर सीधा हमला है।” उन्होंने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे से इस पर स्थिति स्पष्ट करने की मांग की।

राज्यसभा में हंगामा, सत्ता पक्ष का विरोध
राज्यसभा में जब यह मुद्दा उठा तो सत्ता पक्ष के सांसदों ने कांग्रेस सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और कर्नाटक में मुस्लिम आरक्षण पर स्पष्टीकरण की मांग की। बीजेपी सांसदों ने कहा कि कांग्रेस सरकार अल्पसंख्यकों को खुश करने के लिए संविधान की मूल भावना से छेड़छाड़ कर रही है।

बीजेपी सांसदों का कहना था कि संविधान धर्म के आधार पर आरक्षण देने की इजाजत नहीं देता, लेकिन कांग्रेस सरकार इस नियम को तोड़ने का प्रयास कर रही है। विपक्ष के जोरदार विरोध के बीच कांग्रेस सांसदों ने आरोप लगाया कि बीजेपी इस मुद्दे को राजनीतिक रंग देकर जनता को गुमराह करने की कोशिश कर रही है।

कर्नाटक सरकार का बचाव
कांग्रेस ने अपने बचाव में कहा कि मुस्लिम आरक्षण का मुद्दा नया नहीं है और पहले भी विभिन्न राज्यों में अल्पसंख्यकों को आरक्षण दिया गया है। कांग्रेस सांसदों ने बीजेपी पर निशाना साधते हुए कहा कि वह इस मुद्दे को सिर्फ राजनीतिक फायदे के लिए उठा रही है।

कर्नाटक सरकार का कहना है कि राज्य में मुस्लिम समुदाय के आर्थिक और शैक्षिक पिछड़ेपन को देखते हुए यह आरक्षण दिया गया है। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि इस फैसले से किसी भी अन्य वर्ग के अधिकारों को नुकसान नहीं पहुंचाया गया है।

संविधान संशोधन पर विवाद गहराया
बीजेपी ने कांग्रेस से यह स्पष्ट करने को कहा कि क्या वह मुस्लिम आरक्षण के लिए संविधान में संशोधन करेगी। जेपी नड्डा और किरेन रिजिजू दोनों ने कांग्रेस से इस पर सीधा जवाब देने की मांग की।

वहीं, कांग्रेस की ओर से अब तक इस मुद्दे पर कोई स्पष्ट बयान नहीं आया है, लेकिन पार्टी के नेताओं ने कहा कि बीजेपी इस मुद्दे पर झूठा प्रचार कर रही है।

कर्नाटक में मुस्लिम आरक्षण का मुद्दा संसद में तीखी बहस और हंगामे का कारण बना हुआ है। बीजेपी इसे संविधान विरोधी बता रही है, जबकि कांग्रेस इसे सामाजिक न्याय के रूप में पेश कर रही है। संसद में इस पर बहस जारी है और आने वाले दिनों में यह मुद्दा और तूल पकड़ सकता है।

Share post:

Popular

More like this
Related