नई दिल्ली, दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने राजधानी की सड़कों को गड्ढामुक्त करने के लिए कमर कस ली है। आधी रात को सड़कों पर उतरकर उन्होंने सड़क निर्माण कार्यों का निरीक्षण किया और अधिकारियों को तेजी से काम पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने दिल्ली की जनता को आश्वासन दिया कि बारिश से पहले रिंग रोड को पूरी तरह गड्ढामुक्त कर दिया जाएगा।
आधी रात को सड़क पर सीएम को देख चौंके लोग
सोमवार देर रात मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता समयापुर बादली क्षेत्र में सड़क निर्माण का जायजा लेने पहुंचीं। उनके इस औचक निरीक्षण से स्थानीय लोग चौंक गए। उन्होंने निर्माण कार्य में लगे अधिकारियों और कर्मचारियों से सीधे बातचीत की और काम की गुणवत्ता की जांच की। मुख्यमंत्री ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि उनका उद्देश्य दिल्ली की सड़कों को दुरुस्त करना है, ताकि लोगों को गड्ढों से निजात मिल सके।
12.5 करोड़ की लागत से होगा रिंग रोड का कायाकल्प
सीएम गुप्ता ने बताया कि 12.5 करोड़ रुपए की लागत से रिंग रोड के दोनों ओर घने बिटुमिन का काम किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि मधुबन चौक से मुकरबा चौक तक दोहरी परत डाली जा रही है, जिससे रिंग रोड पर गड्ढों की समस्या खत्म हो जाएगी।
जनता को मिलेगा समतल और सुगम मार्ग
मुख्यमंत्री ने कहा, “हमारा लक्ष्य है कि आने वाले समय में दिल्ली की जनता को गड्ढामुक्त और समतल सड़कें मिलें। रिंग रोड दिल्ली की सबसे व्यस्त सड़कों में से एक है, इसलिए इसे प्राथमिकता के आधार पर सुधारा जा रहा है।” उन्होंने कहा कि दिल्लीवासियों को यह सुविधा जल्द ही मिलने वाली है।
मंत्री प्रवेश वर्मा ने अतिक्रमण पर उठाए सवाल
दिल्ली सरकार में मंत्री प्रवेश वर्मा ने हाल ही में सड़कों पर अतिक्रमण को लेकर चिंता जताई थी। उन्होंने कहा था कि कई स्थानों पर रेहड़ी-पटरी वालों ने कब्जा कर रखा है, जिससे यातायात बाधित होता है। वर्मा ने कहा कि एसटीएफ (स्पेशल टास्क फोर्स) को निर्देश दिए गए हैं कि यदि कोई विभाग अतिक्रमण की शिकायत करता है, तो तय समय सीमा में कार्रवाई की जाए। उन्होंने अधिकारियों की जवाबदेही सुनिश्चित करने की भी बात कही।
दिल्ली की जनता को राहत मिलने की उम्मीद
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के इस कदम से दिल्ली की जनता को गड्ढामुक्त सड़कों की सौगात मिलने की उम्मीद है। सरकार द्वारा मानसून से पहले रिंग रोड को पूरी तरह दुरुस्त करने की घोषणा से वाहन चालकों और स्थानीय निवासियों में खुशी की लहर है। अब देखने वाली बात होगी कि यह कार्य कितनी तेजी से पूरा होता है और दिल्ली की सड़कों की स्थिति कितनी सुधरती है।




