दिल्ली, विधानसभा चुनाव को लेकर प्रचार अभियान अपने चरम पर है। आम आदमी पार्टी (AAP) और भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने अपनी पूरी ताकत झोंक दी है। एक तरफ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह, बीजेपी अध्यक्ष जेपी नड्डा और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ लगातार रैलियां कर रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के नेतृत्व में AAP अपने विकास कार्यों के दम पर चुनावी मैदान में है।
कांग्रेस के बड़े नेता प्रचार से दूर
इन दोनों पार्टियों के जोरदार प्रचार के बीच कांग्रेस के बड़े नेता मैदान से गायब नजर आ रहे हैं। इस मुद्दे पर सवाल उठने पर कांग्रेस प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत ने सफाई देते हुए कहा कि राहुल गांधी “रणछोड़” नहीं, बल्कि “रणबांकुरे” हैं। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी की तबीयत खराब है, इसलिए वे अभी प्रचार में सक्रिय नहीं हो पा रहे हैं।
सुप्रिया श्रीनेत ने कहा, “क्या बीजेपी तय करेगी कि राहुल गांधी कब प्रचार करेंगे? हमारे स्टार प्रचारक इमरान प्रतापगढ़ी और सचिन पायलट मैदान में हैं और पूरी ताकत से प्रचार कर रहे हैं।” प्रियंका गांधी और मल्लिकार्जुन खरगे की रैलियों के सवाल पर उन्होंने कहा, “प्रियंका गांधी कोई छोटी नेता नहीं हैं। उनकी और खरगे जी की सभाएं चुनाव के चरम समय पर होंगी।”
बीजेपी पर कांग्रेस का हमला
सुप्रिया श्रीनेत ने बीजेपी पर निशाना साधते हुए कहा कि बीजेपी को दिल्ली में अपने प्रदर्शन पर ध्यान देना चाहिए। उन्होंने तंज कसा, “बीजेपी 27 सालों से दिल्ली की सत्ता से बाहर है।” उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि बीजेपी सरकार अर्थव्यवस्था को संभालने में नाकाम रही है।
रुपए की गिरावट पर सवाल
सुप्रिया श्रीनेत ने देश की आर्थिक स्थिति पर सवाल उठाते हुए कहा कि डॉलर के मुकाबले रुपया अपने सबसे निचले स्तर पर पहुंच गया है। उन्होंने कहा, “मई 2014 में एक डॉलर 58 रुपए का था, जो अब 87 तक पहुंचने वाला है। नरेंद्र मोदी सरकार में रुपया 34% गिरा है। ऐसा लगता है कि पीएम मोदी इसे सौ के पार कराकर ही मानेंगे।”
डोनाल्ड ट्रंप के शपथ समारोह पर आरोप
सुप्रिया श्रीनेत ने आरोप लगाया कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के शपथ ग्रहण में प्रधानमंत्री मोदी को नहीं बुलाया गया, जबकि वहां खालिस्तानी आतंकी पन्नू मौजूद था। उन्होंने सवाल उठाया कि भारत सरकार ने इस पर कोई प्रतिक्रिया क्यों नहीं दी।
कांग्रेस की चुनावी रणनीति
दिल्ली चुनाव में कांग्रेस की रणनीति फिलहाल दूसरे चरण में नजर आ रही है। पार्टी का दावा है कि बड़े नेता जल्द प्रचार में उतरेंगे। वहीं, AAP और BJP के बीच यह चुनावी मुकाबला काफी दिलचस्प होता जा रहा है।




