महाकुंभ में ‘वॉटर विमेन’ शिप्रा पाठक का ‘एक थैला, एक थाली’ अभियान, 25 लाख पौधे लगाए

महाकुंभ 2025 में पर्यावरण संरक्षण के लिए शिप्रा पाठक, जिन्हें ‘वॉटर विमेन ऑफ इंडिया’ के नाम से जाना जाता है, ने एक अनूठा अभियान शुरू किया है। उन्होंने महाकुंभ को पॉलीथीन और डिस्पोजल मुक्त बनाने के लिए ‘एक थैला, एक थाली’ अभियान चलाया है। इस अभियान के तहत श्रद्धालुओं को कपड़े के थैले और थालियां दान करने के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है। शिप्रा ने इस पहल के माध्यम से पर्यावरण और जल संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है.

शिप्रा पाठक ने बताया कि अब तक लाखों थैलियों और थालियों का वितरण किया जा चुका है। विभिन्न संस्थाओं के सहयोग से यह अभियान बड़े पैमाने पर सफल हो रहा है। उन्होंने कुंभ मेले के पहले ही अखाड़ों में जाकर थैले, थालियां, गिलास, और चम्मच बांट दिए थे, ताकि मेले को स्वच्छ और पर्यावरण के अनुकूल बनाया जा सके।

शिप्रा पाठक की संस्था ‘पंचतत्व’ के माध्यम से 15 लाख से अधिक लोग जुड़ चुके हैं। इस संस्था के सहयोग से नदियों के किनारे 25 लाख पौधे लगाए गए हैं। शिप्रा ने बताया कि वे जल और पर्यावरण संरक्षण के लिए 13,000 किलोमीटर की पदयात्राएं कर चुकी हैं। उनका मानना है कि नदियों की स्वच्छता हमारी संस्कृति का अभिन्न हिस्सा है और इसे जनभागीदारी के माध्यम से ही संरक्षित किया जा सकता है।

शिप्रा पाठक ने अपना कारोबार और नौकरी छोड़कर नदियों और जंगलों को बचाने का संकल्प लिया है। उन्होंने 100 से अधिक संस्थाओं को एकजुट कर पर्यावरण संरक्षण के लिए काम किया है। उनका मानना है कि स्वच्छ नदियां विकास का आधार होती हैं और इनके संरक्षण के लिए जनसहयोग आवश्यक है।

शिप्रा पाठक ने अपनी कहानी साझा करते हुए कहा कि बचपन से ही उन्हें जल के प्रति विशेष लगाव था। नर्मदा परिक्रमा ने उनके जीवन को बदल दिया और उन्होंने नदियों को स्वच्छ और अविरल बनाने का संकल्प लिया। शिप्रा का उद्देश्य प्राचीन भारतीय संस्कृति को जीवित रखना और आने वाली पीढ़ियों को इससे परिचित कराना है। उनका मानना है कि त्रिवेणी संगम में डुबकी लगाने से न केवल मोक्ष की प्राप्ति होती है, बल्कि यह स्वस्थ जीवन का भी प्रतीक है।

शिप्रा पाठक की यह पहल महाकुंभ में पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक प्रेरणादायक कदम साबित हो रही है, जो आने वाले समय में भी सकारात्मक बदलाव लाने में सहायक होगी।

Share post:

Popular

More like this
Related