नई दिल्ली, आम आदमी पार्टी (AAP) ने दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की गाड़ी पर हुए हमले को लेकर भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) पर गंभीर आरोप लगाए हैं। पार्टी के वरिष्ठ नेताओं, मुख्यमंत्री आतिशी और राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बीजेपी पर हमला बोलते हुए कहा कि यह हमला बीजेपी के गुंडों ने किया है और पार्टी केजरीवाल की जान लेने पर उतारू है।
बीजेपी के गुंडे कर रहे हैं हमले: AAP
आम आदमी पार्टी ने दावा किया कि अरविंद केजरीवाल की गाड़ी पर पत्थर फेंकने वाले लोग हार्डकोर अपराधी हैं और बीजेपी के नेताओं के करीबी हैं। आतिशी और संजय सिंह ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि यह हमला जानबूझकर किया गया है। उन्होंने कुछ नामों का भी खुलासा किया, जिनमें राहुल उर्फ शंकी, रोहित त्यागी, और सुमित शामिल हैं। इन लोगों पर पहले से ही कई आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं, जिनमें डकैती, मारपीट, और हत्या की कोशिश के मामले शामिल हैं।
प्रवेश वर्मा पर लगाए गंभीर आरोप
संजय सिंह ने बीजेपी सांसद प्रवेश वर्मा पर भी गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि हमले में शामिल अपराधी प्रवेश वर्मा के करीबी हैं और उनके साथ सार्वजनिक रूप से देखे गए हैं। संजय सिंह ने पूछा कि प्रवेश वर्मा ऐसे अपराधियों को अपने साथ क्यों रख रहे हैं।
दिल्ली पुलिस और चुनाव आयोग पर सवाल
आम आदमी पार्टी ने दिल्ली पुलिस पर भी आरोप लगाए कि वह इन अपराधियों को गिरफ्तार करने में नाकाम रही है। उन्होंने कहा कि पुलिस इन अपराधियों के साथ मिली हुई है, वरना अब तक गिरफ्तारी हो चुकी होती। संजय सिंह ने चुनाव आयोग पर भी सवाल उठाया और कहा कि चुनाव के दौरान अरविंद केजरीवाल पर हमले को नजरअंदाज करना गंभीर है।
अमित शाह से की गुंडों की गिरफ्तारी की मांग
संजय सिंह ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मांग की कि वे इन गुंडों की तुरंत गिरफ्तारी करवाएं। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर ऐसा नहीं हुआ, तो कोई बड़ी घटना हो सकती है। आम आदमी पार्टी ने साफ किया कि वे इस गुंडागर्दी से डरने वाले नहीं हैं और लोकतांत्रिक तरीके से चुनाव लड़ने की चुनौती बीजेपी को दी।
चुनाव जीतने के लिए डकैतों का सहारा ले रही है बीजेपी: AAP
आम आदमी पार्टी ने कहा कि बीजेपी दिल्ली में चुनाव जीतने के लिए डकैतों और अपराधियों का सहारा ले रही है। संजय सिंह ने आरोप लगाया कि बीजेपी की योजना अरविंद केजरीवाल की हत्या कराकर चुनाव जीतने की है। उन्होंने कहा कि अगर बीजेपी को चुनाव लड़ना है, तो वह लोकतांत्रिक तरीके से लड़े, न कि गुंडागर्दी से।
यह हमला और उसके बाद की प्रतिक्रिया दिल्ली की राजनीति में एक नए विवाद को जन्म दे चुकी है, जिसमें कानून व्यवस्था और लोकतंत्र की रक्षा के मुद्दे पर गंभीर सवाल उठाए जा रहे हैं।




