इस्लामाबाद, आर्थिक संकट से गुजर रहे पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान अगले महीने चीन का दौरा करेंगे। वह बीजिंग से और कर्ज मांग सकते हैं। इमरान चीन और पाकिस्तान के बीच आर्थिक एवं व्यापारिक संबंधों को आगे बढ़ाने और अपने रणनीतिक संबंधों को बल देने के लिए बीजिंग जाएंगे। पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता आसिम इफ्तिखार ने कहा, ‘प्रधानमंत्री इमरान की यात्रा से दोनों देशों के बीच सदाबहार रणनीतिक सहयोग में नई जान आएगी।’
ओलिंपिक के उद्घाटन समारोह में शामिल होंगे इमरान
पाकिस्तानी प्रधानमंत्री द्वारा चीन की यात्रा करीब दो वर्षों के बाद हो रही है। इस दौरान दोनों देशों को द्विपक्षीय सहयोग की स्थिति पर एक नजर डालने और नई परियोजनाओं पर चर्चा करने का मौका मिलेगा। वहीं, इमरान बीजिंग विंटर ओलिंपिक के उद्घाटन समारोह में भाग लेने के लिए तीन से पांच फरवरी तक चीन की यात्रा पर रहेंगे। इस दौरान वह चीन के कई नेताओं से मुलाकात भी करेंगे।
चीन से 10 अरब डालर के कर्ज की मांग
मीडिया में आई खबरों के मुताबिक, पाकिस्तानी प्रधानमंत्री इस दौरे का इस्तेमाल चीन से 10 अरब डालर (करीब 75 हजार करोड़ रुपये) का कर्ज मांगने के लिए कर सकते हैं। इस राशि से व्यापार कर्ज भुगतान और पाकिस्तान-चीन निवेश कंपनी लिमिटेड को पुनर्जीवित करना चाहते हैं। पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता असीम इफ्तिखार ने मीडिया ब्रीफिंग के दौरान बताया कि यह यात्रा दोनों देशों के बीच रणनीतिक सहकारी साझेदारी को मजबूत करेगी। साथ ही दोनों देशों के बीच सदाबहार रणनीतिक सहयोग में नई जान आएगी।
इमरान का चुनावी पैतरा
अनुमान है कि पीएम इमरान खान देश पाकिस्तान में चुनावों से पहले सामाजिक क्षेत्रों और औद्योगिक विकास में सुधार करेंगे। ताकि चुनावों के दौरान देश की जनता को वो इसे अपनी उपलब्धियों के रूप में गिना सकें। इमरान खान का यह दौरा ऐसे वक्त में हो रहा है जब पाकिस्तान की अर्थव्यवस्था गंभीर आर्थिक संकट से जूझ रही है। महंगाई, मुद्रा का अवमूल्यन और घटते विदेशी मुद्रा भंडार के कारण देश की जनता का सत्ताधारी पीटीआई सरकार पर से विश्वास उठता जा रहा है।




