ओमिक्रोन वैरिएंट की स्थिति पर नागरिक उड्डयन की पैनी नजर, अंतरराष्ट्रीय उड़ानें 31 जनवरी तक स्थगित

ओमिक्रोन वैरिएंट की स्थिति पर नागरिक उड्डयन की पैनी नजर, अंतरराष्ट्रीय उड़ानें 31 जनवरी तक स्थगित

नई दिल्ली, नागरिक उड्डयन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने मंगलवार को कहा कि सामान्य अंतरराष्ट्रीय उड़ानें कोरोना वायरस के ओमिक्रोन वैरिएंट की स्थिति पर निर्भर करेंगी और संबंधित अधिकारी स्थिति पर नजर बनाए रखेंगे। 26 नवंबर को डीजीसीए ने भारत से और भारत के लिए वाणिज्यिक अंतरराष्ट्रीय उड़ानों को 15 दिसंबर से फिर शुरू करने का फैसला किया था, लेकिन ओमिक्रोन वैरिएंट सामने आने के बाद एक हफ्ते के भीतर ही उसे अपना फैसला स्थगित करना पड़ा था।

सामान्य अंतरराष्ट्रीय उड़ानें 31 जनवरी तक स्थगित

पिछले हफ्ते डीजीसीए ने कहा था कि सामान्य अंतरराष्ट्रीय उड़ानें 31 जनवरी तक स्थगित रहेंगी। उद्योग संगठन सीआइआइ द्वारा आयोजित एक सम्मेलन में सिंधिया ने कहा, ‘स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए हम खुद को कोरोना से अलग नहीं कर सकते। हम स्वास्थ्य मंत्रालय के साथ मिलकर काम कर रहे हैं। जब हम ओमिक्रोन से उबर जाएंगे, तब हम सामान्य स्थिति में लौटने और अंतरराष्ट्रीय यात्रा पर विचार कर सकते हैं, लेकिन आज मैं आपको तारीख नहीं बता सकता।’

वर्तमान में घरेलू हवाई यातायात करीब 3.9 लाख प्रतिदिन

घरेलू हवाई यातायात के बारे में सिंधिया ने कहा कि आज की तारीख में यह 3.7 लाख से 3.9 लाख यात्री प्रतिदिन है। कोरोना से पहले यह अधिकतम करीब 4.2 लाख यात्री प्रतिदिन था। घरेलू क्षमता को धीरे-धीरे और निगरानी प्रक्रिया के तहत बढ़ाया गया था और 18 अक्टूबर को सरकार ने घरेलू एयरलाइनों को सौ प्रतिशत क्षमता की अनुमति प्रदान कर दी थी।

प्रमुख राजमार्गो के किनारे हेलीपैड बनाने की योजना बना रही सरकार

सिंधिया ने कहा कि देश के हेलीकाप्टर क्षेत्र को बढ़ावा देने के प्रयासों के तहत हेलीकाप्टर आपात चिकित्सा सेवाएं (एचईएमएस) शुरू करने की दिशा में कदम उठाए जा रहे हैं। उन्होंने कहा, ‘मैं सड़क परिवहन मंत्रालय के साथ यह कोशिश करने और देखने के लिए काम कर रहा हूं कि क्या प्रमुख राजमार्गो के किनारे हेलीपैड विकसित किए जा सकते हैं, खासकर मुंबई, दिल्ली और अन्य शहरों में। ताकि कोई दुर्घटना होने पर हम लोगों को हेलीकाप्टरों के जरिये निकाल सकें।’ सिंधिया ने कहा कि भारत में करीब 250 हेलीकाप्टर हैं और उनमें से 181 का संचालन गैर-अधिसूचित आपरेटरों द्वारा किया जा रहा है, जबकि प्रति जिला एक से भी कम हेलीपैड है।

विकसित किए जा रहे हैं हेलीकाप्टर कारीडोर

मालूम हो कि मंत्रालय ने हाल ही में नई हेलीकाप्टर नीति जारी की है जिसमें प्रक्रिया को आसान बनाया गया है। इसके अलावा हेलीकाप्टर कारीडोर भी विकसित किए जा रहे हैं जिनमें तीन कारीडोर मुंबई से पुणे, बेगमपेट से शमसाबाद और अहमदाबाद से गांधीनगर शुरू हो चुके हैं। रीजनल एयर कनेक्टिविटी स्कीम के तहत 36 हेलीपो‌र्ट्स विकसित करने की योजना है और इनमें से छह शुरू हो चुके हैं।

देश में हेलीकाप्टर उद्योग शुरू करने का आधार तैयार

सिंधिया ने जोर देकर कहा कि देश में हेलीकाप्टर उद्योग शुरू करने का आधार बन गया है और हेलीकाप्टरों के आयात व सीमा शुल्क के मुद्दे पर वह वित्त मंत्री के साथ मिलकर काम कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि आठ राज्य और केंद्र शासित प्रदेश एविएशन टर्बाइन फ्यूल (एटीएफ) पर मूल्य वर्धित कर (वैट) 28-30 प्रतिशत से घटाकर एक-दो प्रतिशत कर रहे हैं और यह विमानन क्षेत्र के लिए एक बड़ी उपलब्धि है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Share post:

Popular

More like this
Related