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देहरादून, 7 दिसंबर 2021

प्रदेश मंत्रिमंडल ने उत्तराखंड चारधाम देवस्थानम प्रबंधन अधिनियम को समाप्त करने को मंजूरी दे दी। अब विधानसभा में सरकार विधेयक समाप्त करने के लिए चारधाम देवस्थानम प्रबंधन निरसन विधेयक 2021 लाएगी। विधेयक आगामी विधानसभा सत्र में आएगा।

बैठक में 28 प्रस्तावों पर मुहर लगी

सोमवार को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में राज्य सचिवालय में हुई प्रदेश मंत्रिमंडल की बैठक में 28 प्रस्तावों पर मुहर लगी। कैबिनेट के फैसले के अनुसार शहरी क्षेत्रों में नजूल भूमि पर कब्जेदारों को 300 वर्ग मीटर तक ही फ्री होल्ड की मंजूरी दी जाएगी।

पट्टे पर आवंटित पूरी नजूल भूमि को फ्री होल्ड कराया जा सकेगा। इसके लिए नौ नवंबर 2011 की कट ऑफ डेट तय की गई है। यानी इस तिथि तक जो लोग नजूल भूमि पर काबिज हैं, उन्हें ही नियमितीकरण के नियमों का लाभ मिलेगा। जिन कब्जेदारों ने पूर्व में आवेदन किए हैं, उनसे तत्कालीन समय में लागू भूमि के सर्किल दरों के आधार पर नियमितीकरण का शुल्क लिया जाएगा। नए आवेदनों पर सर्किल रेट की मौजूदा दरें लागू होंगी। समय सीमा के तहत फ्री होल्ड की कार्रवाई नहीं होगी, तो संबंधित नोडल अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई होगी। सरकार इसके लिए विधानसभा में उत्तराखंड नजूल भूमि प्रबंधन व्यवस्थापन एवं निस्तारण विधेयक 2021 लाएगी। ये विधेयक नौ दिसंबर से शुरू हो रहे विधानसभा सत्र में लाया जाएगा।

प्रदेश की पहली निर्यात नीति को मंजूरी

कैबिनेट ने प्रदेश की पहली निर्यात नीति को भी मंजूरी दी है। नीति के तहत हर सरकार ने निर्यात के लक्ष्य को अगले पांच साल में 16 हजार करोड़ से बढ़ाकर 30 हजार करोड़ तक करने का लक्ष्य रखा है। नीति के तहत निर्यातकों को विपणन, अनुसंधान, उत्पादों के प्रमाणीकरण में छूट मिलेगी। प्रदेश के सभी सरकारी अस्पतालों की बाह्य रोगी उपचार (ओपीडी) में निशुल्क दवाइयां अनिवार्य रूप मिलेंगी। यदि चिकित्सक बाहर से दवाई लिखेंगे तो उन्हें इसका वाजिब कारण बताना होगा। कैबिनेट में इस प्रस्ताव पर मुहर लगी।

अतिथि शिक्षक नहीं हटेंगे, पॉलिटेक्टिनक

प्रदेश के सरकारी स्कूलों में नए शिक्षकों की तैनाती के बावजूद अतिथि शिक्षकों को नहीं हटाया जाएगा। कैबिनेट ने प्रस्ताव को मंजूरी दी। कैबिनेट ने राजकीय पॉलिटेक्निक कॉलेजों में 2018 को हटाए गए संविदा प्रवक्ताओं की संविदा पर वापसी के प्रस्ताव पर भी मुहर लगाई। प्रदेश सरकार में तैनात पति या पत्नी कर्मचारी सरकारी आवास में एक साथ रह रहे हैं तो दोनों में से एक को मकान किराया भत्ता मिलेगा। प्रदेश मंत्रिमंडल ने इस प्रस्ताव को मंजूरी दी। जल जीवन मिशन के तहत शहरी क्षेत्रों में जिन गरीबी की रेखा नीचे जीवन यापन कर रहे परिवारों(बीपीएल) के भवन 100 वर्ग मीटर एरिया में हैं, उन्हें 100 रुपये पानी का कनेक्शन मिलेगा। कैबिनेट ने इस प्रस्ताव मंजूरी दी।

औद्योगिक क्षेत्रों में निर्माण के लिए ढील

कैबिनेट ने राज्य औद्योगिक विकास प्राधिकरण के तहत पर्वतीय और मैदानी क्षेत्रों के औद्योगिक क्षेत्रों में निर्माण के मानकों में ढील दी है। पर्वतीय क्षेत्र में भूखंड के मानक 300 वर्ग मीटर से घटाकर 200 वर्ग मीटर और मैदानी क्षेत्र में 400 से घटाकर 300 वर्ग मीटर होंगे। औद्योगिक क्षेत्रों में मार्ग के मानकों में भी बदलाव किया गया है।

कैबिनटे के प्रमुख फैसले

– हरिद्वार में पंचायतों में तैनात प्रशासक का कार्यकाल छह महीने बढ़ेगा, सरकार लाएगी पंचायती राज संशोधन विधेयक 2021।
– सिंगल विंडो सिस्टम के तहत सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग (एमएसएमई) के 50 करोड़ रुपये निवेश तक प्रस्ताव को मंजूरी दी जाएगी। अभी तक जिलाधिकारी की अध्यक्षता में गठित को 10 करोड़ के निवेश तक की मंजूरी का अधिकार है।
– काशीपुर में 2500 करोड़ के निवेश से बनेगा इलेक्ट्रानिक पार्क, पार्क बनाने के लिए उद्योग विभाग की 133.8 एकड़ भूमि सिडकुल