नई दिल्ली, 18 जून 2021

कांग्रेस की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी ने जाम्बिया के पहले राष्ट्रपति केनेथ डेविड कौंडा के निधन पर शोक व्यक्त किया है। सोनिया गांधी ने उन्हें एक ‘विशाल व्यक्तित्व’ के रूप में वर्णित किया, जिन्होंने उपनिवेशवाद के खिलाफ संघर्ष का नेतृत्व किया था। उन्होंने कहा कि कुंडा वास्तव में एक राजनेता थे, जिन्होंने जाम्बिया और औपनिवेशिक अफ्रीका के बाद के अधिकांश हिस्से को आकार दिया। वह भारत और गुटनिरपेक्ष आंदोलन के एक प्रतिबद्ध मित्र बने रहे।

सोनिया आगे कहती हैं, “भारत और कांग्रेस पार्टी के साथ उनके स्पेशल बॉन्ड को हमेशा संजोकर रखा जाएगा। भारत के साथ-साथ भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस इस दुख की घड़ी में जाम्बिया के लोगों और कुंडा के दोस्तों व परिवार के सदस्यों के प्रति श्रद्धांजलि अर्पित करती है और अपनी संवेदना व्यक्त करती है।”

केनेथ डेविड कौंडा (28 अप्रैल, 1924 – 17 जून, 2021) ने सन 1964 से लेकर 1991 तक जाम्बिया के पहले राष्ट्रपति के रूप में कार्य किया। वह ब्रिटिश शासन से स्वतंत्रता के संघर्ष में सबसे आगे रहे और जाम्बियन अफ्रीकन नेशनल कांग्रेस की स्थापना की और आगे चलकर में यूनाइटेड नेशनल इंडिपेंडेंस पार्टी (यूएनआईपी) के प्रमुख बने।