
पटना, 26 मार्च 2021
बिहार में भाजपा जदयू-सरकार के खिलाफ राजद की अगुवाई वाले महागठबंधन का आज “बिहार बंद” है। इस बंद का आयोजन कराने के लिए महागठबंधन के सभी दल इसमें हिस्सा ले रहे हैं। “बिहार बंद” को लेकर राजद नेता व पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव के बेटे तेजस्वी यादव का कहना है कि, राज्य में पुलिस की दमनकारी नीति और सरकार की निरंकुशता के खिलाफ हमने बंद का आह्वान किया है। उन्होंने कहा कि, सत्ता के अंडर काम कर रहे अधिकारी हमारी नहीं सुनते। अधिकारियों को समझना पड़ेगा कि, सरकार कब पलट जाएगी ये कोई नहीं जानता। इसलिए सबको यह देखना चाहिए।
बिहार सशस्त्र पुलिस विधेयक को वापस लेने की मांग
राजद नेता ने कहा कि, “हमारे ऊपर जानलेवा हमला हुआ है जिसका फुटेज मेरे पास मौजूद है। लोकतंत्र में इस तरह से सत्ता नहीं चलती। बिहार पुलिस जदयू पुलिस हो गई है। हम भाजपा नहीं हैं, जो डर जाएंगे। हमारा आंदोलन जारी रहेगा।” तेजस्वी ने यह बातें पूर्व मुख्यमंत्री व अपनी मां राबड़ी देवी के सरकारी आवास पर कहीं। तेजस्वी ने बिहार सशस्त्र पुलिस विधेयक को वापस लेने की मांग की। इसी दौरान प्रेस कॉन्फ्रेंस में माले नेता धीरेंद्र झा ने कहा कि, बिहार बंद के साथ भारत बंद का आह्वान किया गया है। ये दोनों बंद सफल बनाने के लिए पूरा महागठबंधन एकजुट होकर पूरी ताकत लगाएगा।
तेजस्वी यादव ने कहा, “बिहार में लोकतंत्र को तार-तार किया जा रहा है। मुख्यमंत्री पर भी कई सवाल उठ रहे हैं। बिहार में विधायकों को पीटा गया और महिलाओं का चीरहरण हुआ। इसकी मुख्यमंत्री ने निंदा नहीं की है।
तेजस्वी यादव ने कहा कि, “हमारे कार्यकर्ताओं पर लाठीचार्ज करवाया गया और मेरे ऊपर पत्थर फेंके गए। लोकतंत्र के मंदिर विधानसभा में विधायकों को पिटवाने का काम किया गया। महिला विधायकों के साथ दुर्व्यवहार किया गया। बिहार विशेष सशस्त्र पुलिस विधेयक 2021 पूरी तरह काला कानून है।”







