लखनऊ, 30दिसंबर, 2020

लखनऊ में सोमवार को किसान संदेश यात्रा कांग्रेस के 136वें स्थापना दिवस पर निकाली गई थी जिसमें 3 नए कृषि कानूनों का विरोध किया गया था. इस दौरान कांग्रेस के कार्यकर्ताओं को पुलिस ने रोकने का प्रयास किया और नोकझोंक भी हुई थी जिसके बाद पुलिस ने सैकड़ों अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है.

लखनऊ में उत्तर प्रदेश कांग्रेस (UPCC) के मीडिया संयोजक ललन कुमार सहित सौ से ज्यादा लोगों के खिलाफ पुलिस ने एफआईआर दर्ज की है. पुलिस की ओर से यह एफआईआर कृषि कानून के विरोध में निकाली गई किसान संदेश पदयात्रा के विरोध में की गई.

जानकारी के मुताबिक उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के मीडिया संयोजक ललन कुमार ने लखनऊ के बख्शी तालाब क्षेत्र में सोमवार (28 दिसंबर) को किसान संदेश पदयात्रा निकाली थी जिसमें बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए थे.

किसान संदेश यात्रा कांग्रेस के 136वें स्थापना दिवस पर निकाली गई थी जिसमें 3 नए कृषि कानूनों का विरोध किया गया था. इस दौरान कांग्रेस के कार्यकर्ताओं को पुलिस ने रोकने का प्रयास किया था और नोकझोंक भी हुई थी जिसके बाद पुलिस ने सोमवार शाम को सैकड़ों अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया.

‘शांतिपूर्ण पदयात्रा करना अपराध’

कांग्रेस के मीडिया संयोजक ललन कुमार ने खुद और अन्य लोगों पर दर्ज एफआईआर को लेकर ट्वीट कर राज्य की योगी आदित्यनाथ सरकार पर हमला बोला. उन्होंने एक के बाद एक कई ट्वीट किए. उन्होंने कहा कि यहां किसानों के हक में आवाज उठाने वालों को इनाम में FIR मिलती है. एक ओर जहां बीजेपी नेता हजारों की भीड़ में चुनावी रैलियां कर रहे हैं वहीं दूसरी ओर योगी आदित्यनाथ के शासन में शांतिपूर्ण पदयात्रा करना भी अपराध हो गया है.

उन्होंने आगे लिखा कि पुलिस ने पदयात्रा को रोकने का प्रयास किया उसके बाद हमने उनसे शांतिपूर्ण पदयात्रा करने देने का निवेदन भी किया. उसी पुलिस द्वारा गंभीर धाराओं में एफआईआर दर्ज कर दी गई है.

अगले ट्वीट में उन्होंने कहा कि मेरे साथ मुन्ना लाल भारती, अतुल शुक्ला, उदय भान सिंह कठवारा, सुनील कुम्हरावा, अखिलेश डेरवा, धन्नजय सिंह, पिंटू यादव, राहुल रमपुरवा, रामपाल जलालपुर एवं 125-130 लोगों पर भी एफआईआर हुई है.