रायबरेली, 26 अगस्त 2021

मशहूर शायर मुनव्वर राना के बेटे तबरेज राना को गुरुवार को कोर्ट से जमानत मिल गई है। तबरेज राना पर खुद पर गोली चलवाने का आरोप है जिसके बाद कल यानि बुधवार को रायबरेली कोतवाल और एसओजी टीम ने उन्हें लखनऊ से गिरफ्तार किया था। पुलिस ने इस पूरे षडयंत्र में शामिल चार शूटरों को पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है।

तबरेज राना पर बीती 28 जून को रायबरेली के त्रिपुला चौराहे के पास हमला हुआ था। इस मामले में तबरेज ने अपने चाचा और अन्य परिजनों के खिलाफ केस दर्ज कराया था। पुलिस ने जब इसकी जांच की तो चौकाने वाला खुलासा हुआ। पुलिस की जांच में खुलासा हुआ था कि तबरेजा राना ने पैतृक संपति को बेचने के बाद अपने चाचा और चचेरे भाई को फंसाने के लिए बीती 28 जून की शाम खुद पर गोली चलवाई थी। पुलिस ने आसपास के लगे सीसीटीवी कैमरों को खंगाला तो इस वारदात का खुलासा हो गया और गोली चलाने वाले बाइक सवार युवक समेत चार लोगों को गिरफ्तार करके जेल भेजा दिया। वारदात के खुलासे के बाद आरोपी बनाए गए तबरेज राना तब से फरार चल रहे थे।

बीती 13 अगस्त को तबरेज राना ने कोर्ट में सरेंडर के लिए प्रार्थनापत्र दिया था, लेकिन उसके बाद भी वह कोर्ट में हाजिर नहीं हुआ था। कोर्ट ने बीते मंगलवार को तबरेज राना के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी कर दिया था, जिसके बाद पुलिस टीम ने बुधवार को मुखबिर की सूचना पर आरोपी तबरेज राना को लखनऊ से गिरफ्तार किया था।

दो महीने तक तबरेज ने पुलिस को जमकर छकाया
तबरेज राना लालच में फंसकर अपराधी बन गया। तबरेज राना खुद के बुने जाल में ही फंसते चला गया। पैतृक संपति को तबरेज राना ने 85 लाख रुपए में बेच डाला था। इसके बाद खुद पर गोली चलवाने की योजना बनाई, जिससे उसका चाचा और चचेरा भाई फंस जाए। इसके बाद उसे सरकारी सुरक्षा व्यवस्था मुहैया हो जाएगी और वह अमेठी जनपद के तिलोई विधानसभा से विधायक बनने का भी ख्वाब देख रहा था। इस योजना के तहत उसने पहले पैतृक संपति को बेच डाला और परिवार के किसी सदस्य को इसकी भनक तक नहीं लगी। करीब दो महीने तक तबरेज राना ने जिले की पुलिस टीम को भी जमकर छकाया। पुलिस भी तबरेज राना को गिरफ्तार करने के लिए जगह-जगह दबिश दे रही थी, लेकिन कामयाबी हाथ नहीं लग पा रही थी। बुधवार को मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने उसे लखनऊ से गिरफ्तार किया था।