लखनऊ, 9 जुलाई 2021

उत्तर प्रदेश बिजली विभाग द्वारा ग्रामीणों से बिजली का बकाया वसूलने के लिए महिलाओं पर भरोसा करने की पहल रंग ला रही है। राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम) के तहत राज्य सरकार की पहल के तहत स्वयं सहायता समूहों (एसएचजी) की ग्रामीण महिलाओं को ‘बिजली सखियों’ के रूप में शामिल करने के परिणामस्वरूप, उनके द्वारा प्रयागराज जिले के ग्रामीण क्षेत्रों से 49 लाख रुपये से अधिक के बिजली बिल एकत्र किए गए हैं।

बिजली सखियों ने प्रयागराज जिले के सोरांव, कोरांव, फूलपुर, मेजा, करछना, मौआइमा और प्रतापपुर विकासखंडों से बकाया राशि वसूल की है। ये बकाया राशि 1 फरवरी से 15 जून, 2021 के बीच जमा हुआ थी।

प्रयागराज मंडल के मुख्य विद्युत अभियंता विनोद कुमार गंगवार ने कहा, इन महिलाओं ने यह सुनिश्चित किया है कि महामारी की दूसरी लहर के दौरान भी ग्रामीण क्षेत्रों से बिजली की बकाया वसूली सुनिश्चित की जाए। अब हम अधिक ग्रामीण महिलाओं को इस मिशन में शामिल होने के लिए प्रोत्साहित करने की योजना बना रहे हैं। इसका उद्देश्य उन्हें सशक्त बनाना और एक महान राष्ट्रीय सेवा करना भी ”

एनआरएलएम के जिला मिशन प्रबंधक अमित शुक्ला ने कहा कि ग्रामीण महिलाओं, जिनमें से ज्यादातर पहली बार काम कर रही हैं, का प्रदर्शन सराहनीय रहा है।

उन्होंने कहा कि ” हमने 115 महिलाओं को प्रयागराज में बिजली सखियों के रूप में काम करने के लिए प्रशिक्षित किया और उनमें से 102 ने बिजली मीटर पढ़कर, बिल बनाकर और बकाया राशि जमा करके काम करना शुरू कर दिया है। तथ्य यह है कि पांच महीने से भी कम समय में उन्होंने 2.5 लाख रुपये का कमीशन अर्जित किया है। वास्तव में ये प्रशंसा के योग्य है। ”

10 समूहों में काम करने वाली इन 102 महिलाओं ने 5,274 उपभोक्ताओं से यह राशि वसूल की है, जिससे बिजली विभाग के वरिष्ठ अधिकारी भी हैरान हैं।

बिजली सखियां काम शुरू करने से पहले मीटर पढ़ने और बिजली बिल बनाने का संक्षिप्त प्रशिक्षण लेती हैं।