New delhi, 25 december,2020

केंद्र सरकार के कृषि कानूनों के खिलाफ पिछले कई दिनों से दिल्ली की सीमाओं पर चल रहे विरोध प्रदर्शन के बीच प्रधानमंत्री नरेद्र मोदी (Narendra Modi) ने शुक्रवार को अलग-अलग राज्यों के किसानों से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए बात की। पीएम मोदी ने अपने संबोधन में कहा कि नए कृषि कानून किसानों की आय बढ़ाने और उन्हें बेहतर विकल्प देने के मकसद से लाए गए हैं। इस दौरान केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भी दिल्ली के द्वारका इलाके में एक सभा को संबोधित किया। राजनाथ सिंह (Rajnath Singh) ने कहा कि आंदोलन कर रहे किसान इन कृषि कानूनों को एक प्रयोग के तौर पर दो साल के लिए लागू होने दें, इसके बाद अगर इनसे उन्हें फायदा नहीं होता मैं भरोसा देता हूं कि सरकार इन कानूनों में सभी जरूरी संशोधन करेगी।

राजनाथ सिंह ने आंदोलनकारी किसानों से कृषि कानूनों पर बातचीत के लिए आगे आने की अपील करते हुए कहा, ‘आज जो लोग कृषि कानूनों के खिलाफ धरने पर बैठे हैं, वो किसान हैं और किसानों के परिवार में उनका जन्म हुआ है। हमारे मन में उनके लिए बहुत सम्मान है। मैं भी एक किसान का बेटा हूं और आपको भरोसा दिलाता हूं कि मोदी सरकार ऐसा कोई काम नहीं करेगी, जो किसानों के हित में ना हो।’

सरकार के पास आकर चर्चा करें किसान-

राजनाथ राजनाथ सिंह ने कहा, ‘मैं आप लोगों से निवेदन करता हूं कि इन कानूनों को एक प्रयोग के तौर पर देश में लागू होने दें, अगर इनसे किसानों को फायदा नहीं हुआ, तो सरकार सभी जरूरी संशोधन करने के लिए तैयार है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी चाहते हैं कि किसानों के मन में जो भी शंका है, उसे बातचीत के जरिए सुलझाया जाए और इसीलिए सरकार ने एक बार फिर किसानों को बातचीत के लिए बुलाया है। मैं आंदोलन कर रहे किसानों से अपील करता हूं कि वो आकर सरकार से बातचीत करें और अपना आंदोलन वापस लें।’