नई दिल्ली, 24 दिसंबर 2020

ब्रिटेन में कोरोना के नए स्ट्रेन को लेकर दुनियाभर में डर है और लोगों के मन में तमाम सवाल हैं. अमेरिकी कंपनी मॉर्डना ने कहा है कि ब्रिटेन में पाए गए कोरोना वायरस के नए स्ट्रेन के खिलाफ उसकी वैक्सीन पूरी तरह प्रभावी है.

कोरोना वायरस का खतरा लगातार बढ़ रहा है. ब्रिटेन में पाए गए कोरोना के नए स्ट्रेन के बाद दुनियाभर में खलबली बढ़ गई है. इस नए स्ट्रेन को लेकर दुनियाभर में डर है और लोगों के मन में तमाम सवाल हैं. इसी बीच वैक्सीन बनाने वाली अमेरिकी कंपनी मॉर्डना ने कहा है कि ब्रिटेन में पाए गए कोरोना वायरस के नए स्ट्रेन के खिलाफ उसकी वैक्सीन पूरी तरह प्रभावी है.

दरअसल, मॉडर्ना समेत कई दवा कंपनियों ने कोरोना की वैक्सीन बनाई है जिसे अमेरिका में लोगों को दिया भी जा रहा है. इस बीच ब्रिटेन में वायरस के नए स्ट्रेन से लोगों में डर और बढ़ गया है और लोगों के मन में कई सवाल उठ रहे हैं. कि ये कितना खतरनाक है. जो वैक्सीन आई है वह इसके खिलाफ कारगर है या नहीं?

अपने एक बयान में मॉर्डना कंपनी ने कहा कि वह किसी भी स्ट्रेन के खिलाफ अपनी वैक्सीन के असर की पुष्टि करने के लिए टेस्टिंग करने की योजना बना रही है. कंपनी ने कहा है कि उसे उम्मीद है कि उसकी वैक्सीन जिसे हाल ही में अमेरिका में इमर्जेंसी इस्तेमाल के लिए मंजूरी मिली है, ब्रिटेन में पाए गए कोरोना वायरस के नए स्ट्रेन के खिलाफ भी प्रोटेक्टिव होगा.

अमेरिका बेस्ड इस कंपनी ने कहा कि वह अपनी उम्मीद की पुष्टि करने के लिए आने वाले हफ्तों में वैक्सीन की अडिशनल टेस्टिंग करेगी. मॉडर्ना का यह बयान ऐसे समय में आया है जब ब्रिटिश सरकार कोरोना वायरस के नए स्ट्रेन की वजह से कड़े प्रतिबंधों को लागू करने की योजना बना रही है. फाइजर की तरह मॉडर्ना की वैक्‍सीन को भी बेहद कम तापमान पर स्‍टोर करके रखना पड़ता है. यह वैक्‍सीन 94 प्रतिशत तक असरदार पाई गई है.

उधर कोरोना वायरस के खिलाफ जिस समय दुनिया वैक्सीन बनाने में जुटी है, तभी यूके में सामने आए कोरोना के नए स्ट्रेन ने चिंताओं को बढ़ा दिया है. हालांकि, विशेषज्ञों का कहना है कि कोरोना वैक्सीन नए स्ट्रेन पर काम कर सकेगी और ऐसे में डरने की जरूरत नहीं है.